Ramdas Athawale on CJP protest: राजधानी दिल्ली में चुनाव आयोग के खिलाफ गरमाए सियासी माहौल के बीच केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले ने कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) और कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है। आठवले ने सीजेपी को मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ आंदोलन बंद करने की नसीहत दी है। उन्होंने साफ कहा कि सीजेपी को छात्रों और युवाओं के मुद्दों पर ध्यान देना चाहिए, न कि चुनावी राजनीति में उलझना चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी द्वारा बुलाए गए प्रदर्शन को बेबुनियाद बताते हुए विपक्ष पर देश में जानबूझकर अराजकता फैलाने का आरोप लगाया।
‘NEET पर बनी थी पार्टी, सारी मांगें पूरी हुईं… अब क्या समस्या?’ Ramdas Athawale on CJP protest
रविवार को मीडिया से बातचीत करते हुए केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री रामदास आठवले ने सीजेपी के वजूद पर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा, “कॉकरोच जनता पार्टी का गठन नीट (NEET) पेपर लीक मामले को लेकर हुआ था। आपने धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा मांगा, सरकार ने संज्ञान लिया और आपकी कई मांगें मान ली गईं। जब आपकी मूल मांगें पूरी हो चुकी हैं, तो अब ज्ञानेश कुमार के मसले में टांग अड़ाने की क्या जरूरत है?”
आठवले ने सुझाव देते हुए कहा कि सीजेपी को अगर धरना-प्रदर्शन ही करना है, तो छात्रों की भलाई के लिए सड़क पर उतरे। परीक्षा प्रणाली कैसे सुधरे और शिक्षा नीति कैसी होनी चाहिए, इस पर बात करे। मुख्य चुनाव आयुक्त का इस्तीफा मांगना उनके एजेंडे में नहीं होना चाहिए।
13 करोड़ वोटर कटने के दावों पर CEC का बचाव
विपक्ष द्वारा वोटर लिस्ट से नाम हटाने के आरोपों पर आठवले ने ज्ञानेश कुमार का जोरदार बचाव किया। उन्होंने आंकड़ों का हवाला देते हुए बताया कि जिन 13 करोड़ नामों को हटाने की बात हो रही है, उसके पीछे कानूनी और तार्किक कारण हैं। आठवले ने कहा, “इनमें से करीब 6 करोड़ वोटर ऐसे हैं जो नौकरी या कारोबार के सिलसिले में दूसरी जगह शिफ्ट हो चुके हैं। लगभग 1 करोड़ नाम ऐसे थे जो दो अलग-अलग जगहों पर दर्ज थे, तो नियम के मुताबिक एक जगह से काटा गया। इसके अलावा करीब 3 करोड़ लोग लापता या ट्रेस नहीं होने वाले हैं। ऐसे में चुनाव आयोग पर बेतुके आरोप लगाना गलत है।”
‘आप 42 से 99 पर पहुंचे तो क्या वोट चोरी हुई?’ राहुल गांधी पर वार
राहुल गांधी के ‘वोट चोरी’ वाले बयानों पर पलटवार करते हुए आठवले ने कड़े सवाल दागे। उन्होंने कहा, “अगर चुनाव में धांधली हो रही है, तो राहुल गांधी जिस सीट से जीतकर आए, क्या वहां बीजेपी का वोट चोरी हुआ? कांग्रेस की सीटें 42 से बढ़कर 99 हो गईं, तो क्या यह वोट चोरी से हुआ? जब दशकों तक कांग्रेस सत्ता में थी, तब क्या वो वोट चोरी करके सरकार बनाते थे?” आठवले ने आरोप लगाया कि चुनाव आयुक्त का इस्तीफा मांगना सिर्फ बहाना है, विपक्ष का असली मकसद जनता को परेशान करना और अराजकता पैदा करना है।
दीपके को पुरानी चेतावनी और दिल्ली में टकराव के आसार
आठवले ने सीजेपी के प्रमुख अभिजीत दीपके के पुराने बयानों को भी याद दिलाया। 3 अक्टूबर को उन्होंने चेतावनी दी थी कि दीपके डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और देवेंद्र फडणवीस के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणियां करना बंद करें, वरना आरपीआई (RPI) उनके खिलाफ कड़ा एक्शन लेगी।
यह बयान ऐसे समय आया है जब सोमवार को दिल्ली में बड़े टकराव के आसार बने हुए हैं। कांग्रेस ने देश भर से कार्यकर्ताओं को जुटाकर सुप्रीम कोर्ट तक विरोध मार्च निकालने का ऐलान किया है। वहीं, सीजेपी भी सुबह 10 बजे पुलिस से शांतिपूर्ण प्रदर्शन की मंजूरी मांगने वाली है। सीजेपी ने चेतावनी दी है कि यदि 24 घंटे में इजाजत नहीं मिली, तो वे खुद तारीख और जगह तय करके सड़क पर उतरेंगे।













































