उत्तरकाशी में टनल हादसे से पहले भी हो चुके हैं ये बड़े हादसे…

vickynedrick@gmail.com | Nedrick News Published: 29 नवम्बर 2023, 05:30 AM Updated: 29 नवम्बर 2023, 05:30 AM
Google News
Follow Us on Google News
Prefer Nedrick News
on Google

Uttarkashi : हम सब उत्तरकाशी में हुए टनल हादसे के बारे में जानते ही है, जिसमें उत्तरकाशी में बन रही सिलक्यारा-डंडालगांव टनल का एक हिस्सा अचानक से भरभराकर धंस गया, यह घटना 12 नवंबर की सुबह करीब 5.30 बजे हुई थी. मलबा करीब 60 मीटर तक फैल गया और टनल से बाहर निकले का रास्ता ब्लॉक हो गया. अंदर काम कर रहे 41 मजदूर फंस गए. इसके तुरंत बाद से रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया गया और रेस्क्यू ऑपरेशन से 17 दिनों के बाद उन मजदूरों को बहार निकाला गया था. लेकिन की आप जानते है की उत्तरकाशी ने होने वाला यह एक लौटा हादसा नहीं है इससे पहले भी उत्तरकाशी में बहुत सारे हादसे हुए है, जिनमे लोगों ने अपनी जाने गवाई है.

इससे अलग आकड़ों के अनुसार भी उत्तरकाशी जिले में साल दर साल हादसों की संख्या बढती जा रही है. उत्तरकाशी जिले बड़े हादसों का पुराना इतिहास रहा है. पिछले 15 सालों में उत्तरकाशी जिले में बड़े हादसों में 249 से ज्यादा लोगों की मौत चुकी है. 1995 के हादसे में तो एक साथ 70 लोगों की मौत तक हुई थी.

और पढ़ें: उत्तरकाशी टनल रेस्क्यू : मजदूरों को बचाने में इस कैमरे का है सबसे अहम रोल, जानिए कितनी है कीमत 

उत्तरकाशी में टनल से पहले हुए कई बड़े हादसे

  • गंगोत्री हाईवे पर 20 सितम्बर 1995 को एक बस भागीरथी में में गिर गई थी जिसमें 70 लोगों की मौत हुई थी.
  • इसके बाद गंगोत्री हाईवे पर ही 9 जुलाई 2006 को नालुपानी के पास के बस खाई में गिर गई थी, जिसमे करीब 22 लोगों की मौत हो गई थी.
  • गंगोत्री हाईवे पर ही 3 जुलाई 2008 को नाकुरी के पास बस खाई में गिउर गई थी जिसमे 13 लोगों को अपनी जान से हाथ गवाना पड़ा था.
  • गंगोत्री हाईवे पर ही 21 जुलाई 2008 को सुखीटॉप के पास एक बस खाई में गिरने से 14 लोगों की मौत हो गई थी.
  • गंगोत्री हाईवे पर ही 14 जुलाई 2009 को भागीरथी के एक बस गिरने से 40 लोगों की मौत हो गई थी.
  • गंगोत्री हाईवे पर ही 10 जुलाई 2009 को नाकुरी के पास एक टैक्सी खाई में गिरने से 12 लोगों की मौत हो गई थी.

और पढ़ें : उत्तरकाशी : सुरंग में फंसे श्रमिको को बचाने के लिए बुलाए गए रैट माइनर्स 

  • 1 अगस्त 2010 को भटवाड़ी की डाबरानी के पास के ट्रक खाई में गिरने से 27 लोगों की मौत हो गई थी.
  • गंगोत्री हाईवे पर 16 जुलाई 2012 को संगलाई के पास मेक्स खाई के गिरने के कारण वहां के पांच ग्रामीणों की मौत हो गई थी.
  • मौरी नेडवाड मार्ग पर 29 जुलाई 2013 को मोरी के पावं तल्ला के पास खाई में बस गिरने से 13 लोगों की मौत और 20 लोग घायल हो गए थे.
  • गंगोत्री हाईवे पर 5 अक्टूबर 2018 को भटवाड़ी सुनगर के पास के टैम्पों ट्रेवलर खाई में गिर गई थी जिसमें 20 तीर्थयात्रियों की मौत हो गई थी.

और पढ़ें: सिलक्यारा टनल के संकटमोचन और देवदूत, जिनकी मेहनत से बची 41 मजदूर की जान 

vickynedrick@gmail.com

vickynedrick@gmail.com https://nedricknews.com

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Recent News

Trending News

Editor's Picks

Latest News

©2026- All Right Reserved. Manage By Marketing Sheds