अभी टला नहीं है चक्रवात का खतरा! Cyclone Arnab को लेकर IMD ने इन राज्यों के लिए जारी किया अलर्ट

Rajni | Nedrick News Ghaziabad Published: 29 अक्टूबर 2026, 11:01 PM Updated: 29 अक्टूबर 2026, 11:01 PM
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Cyclone Arnab: चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ ने आंध्र प्रदेश के तट को पार कर लिया है, जिसके बाद अब देश के कई राज्यों में भारी तबाही और मूसलाधार बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। तट पार करने के बाद यह सिस्टम अंदरूनी इलाकों की तरफ बढ़ रहा है, जिससे ओडिशा से लेकर तेलंगाना तक आफत की बारिश शुरू हो चुकी है। कई जिलों में स्कूल-कॉलेज बंद कर दिए गए हैं।

मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, नरसापुर और विशाखापट्टनम के बीच लैंडफॉल करने के बाद हालांकि यह तूफान कमजोर हुआ है, लेकिन इसका खतरा अभी टला नहीं है। अगले 24 घंटों में आंध्र प्रदेश के साथ-साथ ओडिशा, तेलंगाना और तमिलनाडु के कई जिलों में अचानक बाढ़ (Flash Flood) और अत्यधिक भारी बारिश का गंभीर खतरा बना हुआ है। आइए जानते हैं कि अब किन इलाकों पर सबसे ज्यादा संकट है।

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कहां से हुई तुफाम की शुरुआत

आपको बता दें कि यह तूफान सबसे पहले दक्षिण-पूर्वी और पूर्व-मध्य बंगाल की खाड़ी के ऊपर एक ‘निम्न दबाव के क्षेत्र’ (Low-Pressure Area) के रूप में विकसित हुआ। समुद्र की गर्मी और अनुकूल मौसम के कारण यह सिस्टम तेजी से मजबूत हुआ। 24 अक्टूबर को यह डिप्रेशन बना और 26 अक्टूबर की सुबह तक यह पूरी तरह से एक चक्रवाती तूफान (Cyclonic Storm) में तब्दील हो गया, जिसे बांग्लादेश द्वारा सुझाया गया नाम ‘अर्नब’ दिया गया।

बंगाल की खाड़ी के अत्यधिक गर्म पानी से ऊर्जा लेकर यह 27 अक्टूबर को एक ‘बेहद गंभीर चक्रवाती तूफान’ (Very Severe Cyclonic Storm) में बदल गया। इसके बाद यह पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ा और 28 अक्टूबर की सुबह आंध्र प्रदेश के नरसापुर, बापटला और विशाखापट्टनम के तटीय इलाकों से टकराया (लैंडफॉल किया)।

Cyclone Arnab से  5 लोगों की मौत

तूफान के दौरान तेज हवाओं और भारी बारिश की वजह से कई जगहों पर पेड़, दीवार और बिजली के खंभे गिर गए, जो इन मौतों का मुख्य कारण बने। आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ के कारण राज्य में 5 लोगों की मौत की आधिकारिक पुष्टि की है और मृतकों के परिवारों को 5 लाख रुपये मुआवजे का ऐलान किया है।

• विशाखापत्तनम और अनाकापल्ली: विशाखापत्तनम शहर और ग्रामीण इलाकों में पेड़ व बिजली का पोल गिरने के कारण करंट की चपेट में आने से 2 लोगों की जान चली गई। वहीं, पास के अनाकापल्ली जिले में भी करंट लगने (Electrocution) से एक महिला की मौत हो गई।
• भीमवरम (पश्चिम गोदावरी): यहां तेज हवाओं के कारण एक ताड़ का पेड़ उखड़कर गिरने से एक व्यक्ति की मौत हो गई।
• साखिनेटीपल्ली: इस इलाके में चक्रवात के प्रभाव से एक दीवार ढह जाने (Wall Collapse) के कारण एक व्यक्ति की जान चली गई।

प्रशासन की सख्त सलाह

तूफान से मची तबाही और लगातार हो रही मूसलाधार बारिश को देखते हुए आंध्र प्रदेश आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने लोगों को बेहद सतर्क रहने की चेतावनी दी है। मुख्यमंत्री ने लोगों से अपील की है कि वे लापरवाही न बरतें और बिना किसी आपातकालीन वजह के घरों से बाहर न निकलें ताकि किसी भी अनहोनी से बचा जा सके।

IMD का अलर्ट

मौसम विभाग (IMD) के ताजा बुलेटिन के अनुसार, चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ (Cyclone Arnab) के कमजोर होकर डिप्रेशन और निम्न दबाव के क्षेत्र में बदलने के बाद भी अगले 24 से 48 घंटों में 12 से अधिक राज्यों के लिए भारी से अत्यधिक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।

इस दौरान पूर्वी छत्तीसगढ़ और उससे सटे उत्तरी ओडिशा में 204 मिमी से अधिक अत्यंत भारी बारिश की आशंका है, जबकि उत्तरी बिहार में मूसलाधार बारिश का रेड/ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। इसके अलावा, पूर्वी उत्तर प्रदेश में 29 और 30 अक्टूबर को भारी बारिश की चेतावनी के बीच प्रशासन मुस्तैद है,

वहीं झारखंड के 6 जिलों (गढ़वा, पलामू, लातेहार, लोहरदगा, गुमला और सिमडेगा) में शुक्रवार सुबह तक भारी बारिश के चलते स्कूल बंद कर दिए गए हैं। गंगीय पश्चिम बंगाल में 31 अक्टूबर तक बारिश जारी रहने और पूर्वी राजस्थान (जयपुर, भरतपुर, अजमेर, कोटा) में 40-50 किमी/घंटे की रफ्तार से चलने वाली तेज हवाओं व ओलावृष्टि की चेतावनी दी गई है, जबकि तटीय आंध्र प्रदेश और तेलंगाना में बारिश से आंशिक राहत के बावजूद अचानक बाढ़ (Flash Floods) और जलभराव का खतरा बना हुआ है।

इसी बीच IMD ने एक और बड़ा अलर्ट जारी करते हुए बताया है कि दक्षिण अंडमान सागर के ऊपर एक नया निम्न दबाव का क्षेत्र बन रहा है, जो 31 अक्टूबर तक डिप्रेशन में तब्दील हो सकता है और 1-2 नवंबर को पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ते हुए एक बार फिर आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों में दोबारा भारी बारिश का नया दौर शुरू कर सकता है।

Rajni

rajni@nedricknews.com

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