India vs Japan T20: भारत और जापान के बीच राजनयिक संबंधों के 75 साल पूरे होने के मौके पर 22 सितंबर को खेला गया ऐतिहासिक टी20 मुकाबला क्रिकेट के मैदान पर हाई-वोल्टेज ड्रामा में बदल गया। जिस मुकाबले को भारतीय टीम के लिए बेहद आसान माना जा रहा था, उसमें जापानी टीम ने ऐसा दम दिखाया कि विश्व चैंपियन खेमे की सांसें अटक गईं। बारिश की वजह से मैच को घटाकर सिर्फ 5-5 ओवर का कर दिया गया था। इस छोटे प्रारूप में भारतीय टीम खुलकर नहीं खेल सकी और 5 ओवर में महज 32 रन ही बना पाई। इसके जवाब में जापानी बल्लेबाजों ने जबर्दस्त जज्बा दिखाते हुए मैच को आखिरी गेंद तक खींच दिया और भारत यह मुकाबला बमुश्किल 2 रन से जीत सका। लेकिन जीत से ज्यादा चर्चा आखिरी ओवर में भारतीय खिलाड़ियों के अंपायर पर बनाए गए दबाव की हो रही है।
आखिरी ओवर का हाई वोल्टेज ड्रामा| India vs Japan T20
मैच के पांचवें और आखिरी ओवर में जापान को जीत के लिए सिर्फ 8 रनों की जरूरत थी। गेंद बाएं हाथ के अनुभवी स्पिनर अक्षर पटेल के हाथों में थी और सामने बाएं हाथ के बल्लेबाज एलेकजेंडर शिराए टिके हुए थे। ओवर की तीसरी गेंद से पहले अक्षर एक वाइड फेंक चुके थे, जिस पर बल्लेबाज ने रिवर्स स्वीप का प्रयास किया था। तीसरी गेंद पर भी बल्लेबाज ने रिवर्स शॉट खेलने की कोशिश की, लेकिन गेंद लेग स्टंप से काफी बाहर निकल गई।
IT WENT DOWN TO THE FINAL BALL! 🤯
#TeamIndia hold their nerve to seal a thrilling 2-run win over Japan! 💪
#JPNvIND #SuzukiCup https://t.co/QpdnKjxl0I
— Star Sports (@StarSportsIndia) September 22, 2026
मैदानी अंपायर क्रिस थर्गेट ने बिना देर किए इसे वाइड करार दे दिया। जापान को तब जीत के लिए आखिरी चार गेंदों पर सिर्फ 6 रन चाहिए थे। अंपायर का इशारा देखते ही भारतीय खेमे में खलबली मच गई।
With five off four needed for the biggest upset in cricket history, India have just bullied the umpires into overturning a wide call against Japan. Genuinely disgraceful
— Ben Gardner (@Ben_Wisden) September 22, 2026
अंपायर पर चढ़े कप्तान और गेंदबाज, वापस हुआ फैसला
अंपायर के इस फैसले पर गेंदबाज अक्षर पटेल बेहद नाराज दिखे। तुरंत ही कप्तान श्रेयस अय्यर गुस्से में अंपायर के पास जा पहुंचे और साथी खिलाड़ियों के साथ मिलकर जोरदार बहस शुरू कर दी। भारतीय खिलाड़ियों का तर्क था कि बल्लेबाज ने रिवर्स स्वीप खेलने के लिए अपना स्टांस बदला था, इसलिए इसे वाइड नहीं दिया जा सकता।
मैदान पर बढ़ते दबाव को देखते हुए अंपायर क्रिस थर्गेट और उनके साथी अंपायर ब्राउन ने आपस में बातचीत की और आखिरकार वाइड का फैसला वापस ले लिया। इस एक गेंद ने पूरा मैच पलट दिया। आखिरी तीन गेंदों पर जब जापान को 6 रनों की दरकार थी, वे केवल 3 रन ही बना सके और भारत यह मैच 2 रन के बेहद करीबी अंतर से जीत गया। सोचिए, अगर अंपायर ने फैसला न बदला होता तो मुकाबला टाई हो जाता।
क्या कहते हैं नियम और क्यों उठ रहे हैं सवाल?
नियमों के अनुसार, अगर कोई बल्लेबाज गेंद फेंके जाने के समय रिवर्स हिट या स्विच हिट की कोशिश करता है, तो लेग साइड को भी ऑफ साइड की तरह माना जाता है और वाइड के दायरे में छूट मिलती है। अंपायर ने इसी नियम का हवाला देकर अपना कॉल बदला।
लेकिन सवाल इस बात पर उठ रहे हैं कि इसी ओवर की पिछली गेंद पर जब बल्लेबाज ने रिवर्स शॉट खेला था, तब उसे वाइड दिया गया था, फिर अगली ही गेंद पर फैसला कैसे बदल गया? कई जानकारों का मानना है कि बल्लेबाज ने अपनी ग्रिप नहीं बदली थी और शॉट के लिए मूवमेंट गेंद हाथ से छूटने के काफी बाद की थी।
स्टारडम के दबाव पर उठे खेल भावना के सवाल
मैच में रिव्यू सिस्टम की सुविधा नहीं थी, ऐसे में मैदानी अंपायर पर दबाव बनाकर फैसला पलटने को लेकर खेल जगत में तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है। लोगों का कहना है कि जापान जैसी उभरती हुई टीम के खिलाफ जीत हासिल करने के लिए भारतीय टीम को इस तरह का अनुचित दबाव नहीं बनाना चाहिए था। खेल भावना को ताक पर रखकर लिए गए इस फैसले ने रोमांचक जीत के बावजूद टीम के रवैये पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।












































