Ayodhya Rape Case: योगी सरकार का पुलिस पर एक्शन, SHO और चौकी प्रभारी को सस्पेंड करने के बाद तीसरा सस्पेंशन किया जारी

vickynedrick@gmail.com | Nedrick News Published: 05 अगस्त 2024, 05:30 AM Updated: 05 अगस्त 2024, 05:30 AM
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उत्तर प्रदेश के अयोध्या में 12 साल की बच्ची से दुष्कर्म के मामले ने यूपी की सियासत गरमा दी है। एक तरफ समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव की चुप्पी पर सवाल उठ रहे हैं। वहीं दूसरी तरफ योगी सरकार दोषियों पर धड़ाधड़ कार्रवाई कर रही है। शनिवार को मुख्य आरोपी की अवैध संपत्ति पर बुलडोजर चलाया गया। वहीं, अब भदरसा पुलिस चौकी पर कार्रवाई करते हुए कांस्टेबल रोहित यादव को निलंबित कर दिया गया है। मामले को लेकर इस पुलिस चौकी से यह तीसरा निलंबन है। इससे पहले एसएचओ और चौकी इंचार्ज को निलंबित किया जा चुका है। आइए जानते हैं मामले में अब तक क्या नए अपडेट हैं।

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मुख्यमंत्री ने की पीड़िता की मां से मुलाकात

अयोध्या मामले में शुक्रवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सामूहिक दुष्कर्म की शिकार हुई पीड़ित किशोरी की मां से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने सख्त कदम उठाने का वादा किया। इसके बाद सपा नेता और मुख्य आरोपी मोईद खान की संपत्ति की गहन जांच की गई। इसमें वह बेकरी भी शामिल है, जहां कथित दुष्कर्म की घटना हुई थी। शनिवार दोपहर को संयुक्त सरकारी टीम ने इस अवैध निर्माण को ध्वस्त कर दिया। इस मामले में भगरासा थाने के कांस्टेबल रोहित यादव को रविवार को निलंबित कर दिया गया है। इसके अलावा आरोपी सपा नेता की अन्य संपत्तियों की भी जांच की जा रही है।

Ayodhya Rape Case Yogi government's police action
Source: Google

अब तक हो चुके हैं तीन सस्पेंशन

रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस मामले से जुड़ा यह तीसरा सस्पेंशन है।पूराकलंदर पुलिस स्टेशन के प्रभारी रतन शर्मा और भदरसा के चौकी प्रभारी अखिलेश गुप्ता को शुक्रवार, 2 अगस्त को निलंबित कर दिया गया था। पीड़िता की मां की शिकायत के अनुसार, पुलिस ने कथित तौर पर मामला दर्ज करने में देरी की। मुख्य चिकित्सा अधिकारी योगी से महिला की शिकायत के बाद पुलिस अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया है।

Ayodhya Rape Case Yogi government's police action
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यह है पूरा मामला

जानकारी के मुताबिक, पीड़ित लड़की के पिता नहीं हैं। उसकी मां और बहनें मजदूरी करके अपना गुजारा करती हैं। बताया जा रहा है कि पीड़िता भी काम से लौट रही थी। तभी बेकरी मालिक और सपा नेता मोईद खान ने लड़की को रोक लिया और किसी बहाने से अंदर बुला लिया। इसके बाद नौकर के साथ मिलकर उसके साथ गैंगरेप किया। करीब ढाई महीने तक लड़की के साथ दुष्कर्म किया गया और उसका वीडियो भी बना लिया गया। इसके बाद लड़की को धमकी दी गई कि अगर उसने ये बात किसी को बताई तो उसका वीडियो वायरल कर दिया जाएगा। इसके बाद जब नाबालिग लड़की की तबीयत खराब हुई तो उसे अस्पताल भर्ती करवाया गया जिसके बाद में पूरा मामला सामने आया। इसके बाद 29 जुलाई को मोईद के खिलाफ केस दर्ज किया गया और 30 जुलाई को उसे और उसके साथी को गिरफ्तार कर लिया गया।

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