Who is Chandan Singh Jeena: उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UKSSSC) भर्ती घोटाले की जांच की आंच अब राज्य के बड़े सियासी गलियारों तक पहुंच गई है। वित्तीय अनियमितताओं और मनी लॉन्ड्रिंग की जांच के सिलसिले में गुरुवार को देहरादून में पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत के बेहद करीबी और निजी सहायक (PA) चंदन सिंह जीना के ठिकानों पर तलाशी अभियान चलाया गया। इस कार्रवाई के दौरान बड़े पैमाने पर नकदी, भारी मात्रा में सोना और बेशकीमती घड़ियां बरामद की गई हैं। इस ताबड़तोड़ एक्शन के बाद उत्तराखंड की सियासत में जबरदस्त भूचाल आ गया है और खुद पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने पार्टी के सभी पदों से इस्तीफा दे दिया है।
घर से मिला नोटों का ढेर और लग्जरी सामान| Who is Chandan Singh Jeena
देहरादून स्थित आवास पर हुई तलाशी के दौरान अधिकारियों को करीब 32 लाख रुपये नकद मिले। इसके अलावा 200.5 ग्राम सोने के जेवरात और सिक्के बरामद किए गए, जिनमें 13 सोने के सिक्के और 7 सोने की चेन शामिल हैं। वहीं, घर से रोलेक्स, राडो, पियाजे, मोवाडो, टिसॉट और कैसियो एडिफिस जैसे नामी और महंगे ब्रांड्स की 12 लग्जरी घड़ियां भी मिली हैं।
चंदन सिंह जीना और उनके परिवार के बैंक खातों में मौजूद 52.16 लाख रुपये की रकम को भी तुरंत फ्रीज कर दिया गया है। अब तक जब्त और फ्रीज की गई कुल संपत्ति का मूल्य लगभग 1.28 करोड़ रुपये आंका गया है। अधिकारियों का मानना है कि लग्जरी घड़ियों और गाड़ियों के विस्तृत मूल्यांकन के बाद यह आंकड़ा और बढ़ सकता है। जांच में यह तथ्य भी सामने आया है कि बड़ी रकम कैश में खर्च की गई थी, जिसका कोई पुख्ता हिसाब-किताब नहीं मिला। डिजिटल सबूत जुटाने के लिए जांच दल ने जीना का मोबाइल फोन भी फॉरेंसिक जांच के लिए अपने कब्जे में ले लिया है।
2016 की ग्राम पंचायत विकास अधिकारी परीक्षा से जुड़ा मामला
यह पूरा मामला वर्ष 2016 में हुई ग्राम पंचायत विकास अधिकारी (VPDO) परीक्षा में बड़े पैमाने पर हुई धांधली से जुड़ा है। शुरुआत में इस गड़बड़ी की पड़ताल विजिलेंस ने की थी, जिसे बाद में वर्ष 2023 में एसटीएफ को सौंप दिया गया था। एसटीएफ ने जांच के दौरान आयोग के पूर्व अध्यक्ष, सचिव और परीक्षा नियंत्रक को गिरफ्तार किया था। इसके बाद मामले में मनी लॉन्ड्रिंग का एंगल सामने आने पर वित्तीय जांच शुरू की गई, जिसके तहत यह ताजा छापेमारी हुई है।
कौन हैं चंदन सिंह जीना और क्या है सियासी असर?
मूल रूप से अल्मोड़ा जिले के भिकियासैंण के रहने वाले चंदन सिंह जीना वर्तमान में हरीश रावत के स निजी सहायक हैं। इससे पहले, वर्ष 2014 से 2017 के दौरान जब हरीश रावत उत्तराखंड के मुख्यमंत्री थे, तब जीना उनके विशेष कार्य अधिकारी (OSD) की जिम्मेदारी संभाल रहे थे। उत्तराखंड में आगामी चुनावों को देखते हुए इस कार्रवाई ने राज्य के राजनीतिक पारे को चढ़ा दिया है। अपने करीबी पर हुई कार्रवाई के तुरंत बाद पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए कांग्रेस के तमाम संगठनात्मक पदों से इस्तीफा देने का ऐलान कर दिया।












































