72 घंटे में होगी गिरफ्तारी! बुलंदशहर से पकड़ा गया Swatantra Bhardwaj, पुलिस थाने पर CJP के हंगामे के बाद झुकी पुलिस?

Rajni | Nedrick News India Published: 04 सितम्बर 2026, 09:17 PM Updated: 04 सितम्बर 2026, 10:17 PM
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Swatantra Bhardwaj detained: दिल्ली के जंतर-मंतर पर निशु आजाद के पिता संजय कुमार पर हुए कथित हमले के मामले ने अब राजनीतिक और कानूनी तूल पकड़ लिया है। आरोपी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद, जिसमें वह कथित तौर पर हमले की बात स्वीकार कर रहा है, कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के नेताओं ने संसद मार्ग थाने का घेराव किया। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि राजनीतिक रसूख के चलते आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं हो रही है, जबकि पुलिस का कहना है कि मामले में उचित कानूनी प्रक्रिया अपनाई जा रही है।

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क्या हैं पूरा मामला?

यह पूरा मामला 24 जुलाई 2026 का है, जब दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) द्वारा नीट पेपर लीक के विरोध में एक प्रदर्शन आयोजित किया गया था। इस प्रदर्शन में सोशल मीडिया एक्टिविस्ट नीशू आजाद और उनके पिता संजय कुमार (आजाद) भी शामिल हुए थे।

प्रदर्शन के दौरान वहां मौजूद स्वतंत्र भारद्वाज (Swatantra Bhardwaj) नाम के एक युवक और संजय कुमार के बीच तीखी हाथापाई हो गई। पीड़ित संजय कुमार का आरोप है कि जब वहां ‘जय भीम’ के नारे लग रहे थे, तब स्वतंत्र भारद्वाज ने उन पर अचानक हमला कर दिया और हाथ में पहने लोहे के कड़े से उनके सिर पर वार किया, जिससे उनका सिर फट गया

क्यों भड़का विवाद?

यह मामला अब इसलिए दोबारा गरमा गया है क्योंकि हाल ही में आरोपी स्वतंत्र भारद्वाज (Swatantra Bhardwaj) का एक वीडियो इंटरव्यू सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है, जिसमें वह कथित तौर पर इस हमले की बात कबूलते हुए राजनीतिक रसूख का दावा कर रहा है। वीडियो में स्वतंत्र भारद्वाज कथित तौर पर सीना ठोककर यह स्वीकार करता दिख रहा है कि उसने जंतर-मंतर पर संजय कुमार का सिर फोड़ा था।

वीडियो में उसने दावा किया कि उस पर ‘हत्या के प्रयास’ (Attempt to Murder) का मामला बनता था, लेकिन भाजपा नेता कपिल मिश्रा और चिराग पासवान जैसे बड़े नेताओं के एक फोन कॉल की वजह से पुलिस ने उसे छोड़ दिया। इसी वीडियो के सामने आने के बाद जनता और विपक्षी दलों में भारी गुस्सा फैल गया कि जुर्म कबूलने के बाद भी आरोपी खुलेआम कैसे घूम रहा है।

दिल्ली पुलिस का स्पष्टीकरण

इस विवाद पर दिल्ली पुलिस ने आधिकारिक बयान जारी कर किसी भी प्रकार के राजनीतिक दबाव या मिलीभगत के आरोपों को पूरी तरह खारिज किया है। पुलिस का कहना है कि आरएमएल (RML) अस्पताल की मेडिकल रिपोर्ट के अनुसार पीड़ित संजय कुमार को लगी चोट ‘सामान्य’ श्रेणी की थी और सिर की हड्डी में कोई फ्रैक्चर नहीं था। वहीं, बढ़ते दबाव के बाद पुलिस की एक टीम ने स्वतंत्र भारद्वाज को बुलंदशहर से हिरासत में ले लिया है और CJP टीम को 72 घंटे में उसकी गिरफ्तारी का भरोसा दिया है।

आरोपी Swatantra Bhardwaj का यू-टर्न

सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने, विवाद बढ़ने और हिरासत में लिए जाने से पहले आरोपी स्वतंत्र भारद्वाज (Swatantra Bhardwaj) ने यू-टर्न लेते हुए अपनी सफाई पेश की है। भारद्वाज का दावा है कि उसने संजय कुमार पर जानबूझकर या किसी राजनीतिक एजेंडे के तहत हमला नहीं किया था, बल्कि प्रदर्शन के दौरान 10-15 लोगों की भीड़ ने उसे घेर लिया था और उसने अपनी जान बचाने के लिए आत्मरक्षा (Self Defence) में कदम उठाया था। वीडियो में भाजपा और अन्य बड़े नेताओं के नाम लेने पर उसने स्पष्टीकरण दिया कि उसने केवल कानूनी मदद और परामर्श के संदर्भ में उन नेताओं का जिक्र किया था, न कि पुलिस कार्रवाई को प्रभावित करने के लिए।

Rajni

rajni@nedricknews.com

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