Padmini Kapila: 70 और 80 के दशक में अपनी खूबसूरती और अदाकारी से लोगों के दिलों में जगह बनाने वाली अभिनेत्री पद्मिनी कपिला लंबे वक्त बाद फिर से सुर्खियों में हैं। एक दौर था जब उन्होंने ‘शान’, ‘वो मैं नहीं’, ‘डेरा इश्क दा’ और ‘इंतजार’ जैसी फिल्मों में काम किया और अमिताभ बच्चन, शशि कपूर जैसे सुपरस्टार्स के साथ स्क्रीन शेयर की। लेकिन जैसे-जैसे वक्त बीता, उनका करियर रफ्तार पकड़ने से पहले ही थम गया। वजह थी कुछ निजी फैसले, और अफवाहों से भरी निजी ज़िंदगी।
और पढ़ें: Khoon Pasina Film: कैसे अमिताभ बच्चन ने छीन लिया विनोद खन्ना का लीड रोल?
अफवाहों पर तोड़ी चुप्पी- Padmini Kapila
हाल ही में लेहरें टीवी को दिए इंटरव्यू में पद्मिनी कपिला ने उन अफवाहों पर खुलकर बात की, जो उनके करियर के दौरान अक्सर खबरों की ज़ुबान बनी रहती थीं। सबसे चर्चित नाम था अभिनेता नवीन निश्चल का, जिनसे पद्मिनी का नाम जोड़ा गया था। उस वक्त नवीन, डायरेक्टर शेखर कपूर की बहन नीलिमा से शादीशुदा थे।
पद्मिनी ने बताया, “मैं सिर्फ 17 साल की थी, जब मुझे नवीन जी के साथ फिल्म मिली। वो बहुत चार्मिंग थे। वो मुझे देखते रहते थे, शायद मुझे पसंद करते थे, लेकिन ये सब सिर्फ उस उम्र की एक फीलिंग थी। ये प्यार नहीं था।”
उन्होंने साफ किया कि उनका कभी ऐसा इरादा नहीं था कि वो किसी की शादी तोड़ें। “वो लड़की मैं नहीं थी जिसकी वजह से उनकी शादी टूटी। वो अब इस दुनिया में नहीं हैं, इसलिए उनकी इज्जत करना जरूरी है। लेकिन वो अपने दोस्त की पत्नी के साथ इंवॉल्व थे, और वही उनकी जिंदगी का टर्निंग पॉइंट बना।”
प्रकाश मेहरा के साथ रिश्ते की सच्चाई
एक और रिश्ता जिसने उनकी जिंदगी को झकझोरा, वो था मशहूर डायरेक्टर प्रकाश मेहरा के साथ। अफवाहें थीं कि दोनों के बीच अफेयर था, जबकि प्रकाश पहले से शादीशुदा थे। इस पर पद्मिनी ने कहा, “मुझे उस रिश्ते का कोई पछतावा नहीं है। लेकिन जब प्रकाश ने इंटरव्यू में कहा कि ‘पत्नी, पत्नी होती है और गर्लफ्रेंड, गर्लफ्रेंड’, तब मैंने फैसला किया कि अब आगे नहीं बढ़ना चाहिए।”
उन्होंने आगे कहा कि उन्हें ऐसा जीवन नहीं चाहिए था जिसमें उन्हें हमेशा किसी की ‘दूसरी पसंद’ बनना पड़े। “मैं हमेशा एक परिवार चाहती थी। किसी शादीशुदा मर्द के साथ रहना मेरी जिंदगी का हिस्सा नहीं बन सकता था।”
करियर में अकेली रहीं
पद्मिनी कपिला का ये भी कहना था कि उनकी जिंदगी में जितने भी पुरुष आए, उनमें से किसी ने भी उन्हें करियर में आगे बढ़ने में मदद नहीं की। “कभी कोई सपोर्ट नहीं मिला, चाहे रिश्ता कैसा भी रहा हो।”
वर्कफ्रंट की बात करें तो पद्मिनी आखिरी बार जेपी दत्ता की फिल्म ‘रिफ्यूजी’ (2000) में नजर आई थीं। उसके बाद उन्होंने फिल्मों से दूरी बना ली।
आज की लड़कियों को क्या सलाह देंगी?
पद्मिनी कहती हैं कि अगर उन्हें मौका मिले, तो वो अपने यंगर वर्जन को यही सलाह देना चाहेंगी: “कभी भी किसी शादीशुदा आदमी के साथ रिश्ते में मत पड़ो।”
उनकी यह साफगोई और ईमानदारी आज की पीढ़ी के लिए एक सीख है कि शोहरत के पीछे भागते हुए अगर निजी फैसलों में चूक हो जाए, तो उसका असर सालों तक महसूस होता है।













































