क्या पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ने वाले हैं? RBI गवर्नर के बयान ने बढ़ाई लोगों की चिंता| Petrol-Diesel Price

Nandani | Nedrick News Ghaziabad Published: 14 May 2026, 10:14 AM | Updated: 14 May 2026, 10:14 AM

Petrol-Diesel Price: पश्चिम एशिया में जारी तनाव और ईरान युद्ध का असर अब भारत की अर्थव्यवस्था पर साफ दिखाई देने लगा है। पेट्रोल-डीजल की कीमतों से लेकर सोने के आयात और विदेशी यात्रा तक, सरकार लगातार लोगों से बचत और सावधानी बरतने की अपील कर रही है। इसी बीच भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के गवर्नर संजय मल्होत्रा के एक बयान ने आम लोगों की चिंता और बढ़ा दी है। उन्होंने संकेत दिए हैं कि अगर पश्चिम एशिया में संघर्ष लंबे समय तक जारी रहता है, तो भारत में पेट्रोल और डीजल की कीमतें बढ़ाई जा सकती हैं।

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पीएम मोदी की अपील के बाद सरकार का बड़ा कदम| Petrol-Diesel Price

हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोगों से गैर-जरूरी विदेश यात्राएं टालने, पेट्रोल-डीजल की बचत करने और सोने की खरीद कम करने की अपील की थी। इसके कुछ ही समय बाद सरकार ने सोने और चांदी पर आयात शुल्क 6 प्रतिशत से बढ़ाकर 15 प्रतिशत कर दिया। माना जा रहा है कि सरकार विदेशी मुद्रा भंडार पर बढ़ते दबाव को कम करने की कोशिश कर रही है।

दरअसल, पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव की वजह से कच्चे तेल की कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। इसका सीधा असर भारत जैसे देशों पर पड़ रहा है, जो अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा आयात के जरिए पूरा करते हैं।

तेल आयात पर बढ़ा दबाव

भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा तेल उपभोक्ता देश है। लेकिन देश अपनी जरूरत का अधिकांश कच्चा तेल विदेशों से खरीदता है, खासकर खाड़ी देशों से। ऐसे में ईरान युद्ध और होर्मुज स्ट्रेट में बढ़ते संकट ने भारत की चिंता बढ़ा दी है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, होर्मुज स्ट्रेट से तेल सप्लाई प्रभावित होने की आशंका के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें तेजी से बढ़ी हैं। पिछले महीने ब्रेंट क्रूड 126 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गया था, जो 2022 के बाद सबसे ऊंचा स्तर माना गया। हालांकि फिलहाल इसमें थोड़ी गिरावट आई है और यह करीब 107.5 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा है।

तेल कंपनियां उठा रही हैं नुकसान

RBI गवर्नर संजय मल्होत्रा ने एक कॉन्फ्रेंस में कहा कि अगर यह संकट ज्यादा समय तक जारी रहा, तो सरकार के पास पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ाने के अलावा ज्यादा विकल्प नहीं बचेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि केंद्र सरकार पहले ही एक्साइज ड्यूटी में कटौती कर चुकी है और सरकारी तेल कंपनियां फिलहाल बढ़ी हुई लागत का बोझ खुद उठा रही हैं। यानी अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल महंगा होने के बावजूद अभी तक इसका पूरा असर आम लोगों तक नहीं पहुंचाया गया है। लेकिन अगर हालात लंबे समय तक ऐसे ही बने रहे, तो यह स्थिति ज्यादा समय तक संभालना मुश्किल हो सकता है।

पेट्रोल-डीजल की कीमत बढ़ने के संकेत

सरकारी सूत्रों के हवाले से यह भी कहा जा रहा है कि आने वाले समय में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी से इनकार नहीं किया जा सकता। हालांकि अभी तक आम उपभोक्ताओं के लिए कीमतों में बदलाव नहीं किया गया है। दिल्ली में फिलहाल पेट्रोल 94.77 रुपये प्रति लीटर और डीजल 87.67 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। लेकिन इंडस्ट्री से जुड़े कई जानकार मानते हैं कि अगर कच्चे तेल की कीमतें लगातार ऊंची बनी रहीं, तो तेल कंपनियों पर दबाव और बढ़ेगा।

LPG और जेट फ्यूल पहले ही हो चुके हैं महंगे

सरकारी तेल कंपनियां पहले ही कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर, इंडस्ट्रियल डीजल, 5 किलो वाले छोटू सिलेंडर और अंतरराष्ट्रीय एयरलाइंस के लिए जेट फ्यूल की कीमतें बढ़ा चुकी हैं। यानी तेल संकट का असर धीरे-धीरे अलग-अलग सेक्टर में दिखना शुरू हो गया है।

आम लोगों पर पड़ सकता है असर

अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) ने भी हाल ही में कहा था कि पेट्रोल-डीजल की महंगाई का कुछ बोझ उपभोक्ताओं पर डाला जाना चाहिए। अगर ऐसा होता है तो इसका असर सिर्फ गाड़ी चलाने वालों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि ट्रांसपोर्ट, खाने-पीने की चीजों और रोजमर्रा के खर्चों पर भी दिखाई दे सकता है।

फिलहाल सरकार कीमतों को स्थिर रखने की कोशिश कर रही है, लेकिन पश्चिम एशिया के हालात कब तक सामान्य होंगे, यह अभी साफ नहीं है। ऐसे में आने वाले दिनों में पेट्रोल-डीजल की कीमतों को लेकर बड़ा फैसला लिया जा सकता है।

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Nandani

nandani@nedricknews.com

नंदनी एक अनुभवी कंटेंट राइटर और करंट अफेयर्स जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में चार वर्षों का सक्रिय अनुभव है। उन्होंने चितकारा यूनिवर्सिटी से जर्नलिज़्म और मास कम्युनिकेशन में मास्टर डिग्री प्राप्त की है। अपने करियर की शुरुआत उन्होंने न्यूज़ एंकर के रूप में की, जहां स्क्रिप्ट लेखन के दौरान कंटेंट राइटिंग और स्टोरीटेलिंग में उनकी विशेष रुचि विकसित हुई। वर्तमान में वह नेड्रिक न्यूज़ से जुड़ी हैं और राजनीति, क्राइम तथा राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय खबरों पर मज़बूत पकड़ रखती हैं। इसके साथ ही उन्हें बॉलीवुड-हॉलीवुड और लाइफस्टाइल विषयों पर भी व्यापक अनुभव है।

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