Nitish Kumar News: बिहार की राजनीति में गुरुवार की सुबह अचानक हलचल तेज हो गई, जब पूर्व मुख्यमंत्री और जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार अचानक डिप्टी सीएम विजय कुमार चौधरी के आवास पहुंच गए। करीब आधे घंटे तक दोनों नेताओं के बीच बंद कमरे में बातचीत हुई। मुलाकात खत्म होने के बाद जो कुछ कैमरे में कैद हुआ, उसने सियासी गलियारों में नई चर्चाओं को जन्म दे दिया।
दरअसल, जब बिहार में नई सरकार बनी थी, तब जदयू और बीजेपी दोनों के बड़े नेताओं ने साफ कहा था कि सरकार भले ही बीजेपी के नेतृत्व में चले, लेकिन उसका मार्गदर्शन नीतीश कुमार ही करेंगे। अब ताजा घटनाक्रम को उसी बयान से जोड़कर देखा जा रहा है।
बंद कमरे में हुई लंबी बातचीत| Nitish Kumar News
जानकारी के मुताबिक गुरुवार सुबह नीतीश कुमार सीधे विजय कुमार चौधरी के घर पहुंचे। दोनों नेताओं के बीच करीब 30 मिनट तक चर्चा चली। बातचीत किस मुद्दे पर हुई, इसे लेकर आधिकारिक तौर पर कुछ नहीं कहा गया, क्योंकि पूरी मीटिंग बंद कमरे में हुई थी। हालांकि बाहर निकलते वक्त जो दृश्य सामने आया, उसने कई सवाल खड़े कर दिए। जैसे ही नीतीश कुमार बाहर निकले, उनके पीछे विजय कुमार चौधरी भी दिखाई दिए। इसी दौरान नीतीश कुमार अचानक रुके और अपने सुरक्षा कर्मियों को भी थोड़ी देर रुकने का इशारा किया। इसके बाद उन्होंने विजय कुमार चौधरी से कुछ ऐसा कहा, जिसने राजनीतिक चर्चाओं को हवा दे दी।
‘शाम में आइए और सब बताइए’
वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि गाड़ी में बैठने से पहले नीतीश कुमार ने विजय कुमार चौधरी से कहा, “शाम में आइए और एक-एक चीज बताइए, क्या हो रहा है और क्या नहीं… अच्छे से काम कीजिए।” नीतीश कुमार का यह अंदाज बिल्कुल वैसा ही था जैसा मुख्यमंत्री रहते समय देखा जाता था। उनके बोलने के तरीके और निर्देश देने के अंदाज ने यह साफ संकेत दिया कि भले ही वह अब मुख्यमंत्री नहीं हैं, लेकिन राजनीति और सरकार दोनों पर उनकी नजर अब भी बनी हुई है। उधर, विजय कुमार चौधरी ने भी हाथ जोड़कर जवाब दिया, “जी ठीक है, शाम में आते हैं।”
आखिर किस बात की मांगी रिपोर्ट?
अब सबसे बड़ा सवाल यही उठ रहा है कि आखिर नीतीश कुमार ने विजय कुमार चौधरी को किस बात की जानकारी देने के लिए बुलाया? इसे लेकर राजनीतिक गलियारों में दो तरह की चर्चाएं तेज हैं।
सरकार की कार्यशैली पर नजर?
पहली चर्चा यह है कि नीतीश कुमार मौजूदा सरकार की कार्यशैली को लेकर अपडेट लेना चाहते हैं। माना जा रहा है कि वह यह जानना चाह रहे हैं कि नई सरकार उनके तय किए गए एजेंडे और नीतियों के मुताबिक काम कर रही है या नहीं। क्योंकि जब सत्ता परिवर्तन हुआ था, तब भी कहा गया था कि सरकार के संचालन में नीतीश कुमार का अनुभव और मार्गदर्शन अहम रहेगा। ऐसे में कई लोग इस मुलाकात को उसी संदर्भ में देख रहे हैं।
या फिर JDU संगठन को लेकर चिंता?
दूसरी चर्चा पार्टी संगठन को लेकर हो रही है। माना जा रहा है कि नीतीश कुमार जदयू के भीतर की गतिविधियों को लेकर भी फीडबैक लेना चाहते हैं। सरकार बने करीब दो महीने हो चुके हैं और ऐसे में पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं का मूड क्या है, संगठन में क्या चल रहा है और किस तरह की राजनीतिक हलचल है, इसकी जानकारी भी वह लेना चाह सकते हैं।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि विजय कुमार चौधरी जदयू के पुराने और भरोसेमंद नेताओं में गिने जाते हैं। ऐसे में पार्टी और सरकार दोनों से जुड़ी अहम जानकारी के लिए नीतीश कुमार का उनसे सीधे बातचीत करना स्वाभाविक माना जा रहा है।
नीतीश कुमार की राजनीति हमेशा रही अलग
नीतीश कुमार को बिहार की राजनीति में हमेशा से अप्रत्याशित फैसलों के लिए जाना जाता रहा है। कई बार उनके छोटे-छोटे राजनीतिक संकेत बड़े बदलावों की ओर इशारा करते रहे हैं। यही वजह है कि इस छोटी सी बातचीत को भी राजनीतिक गलियारों में बेहद गंभीरता से देखा जा रहा है।



























