DUSU election results update: दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (डूसू) चुनाव के शनिवार को घोषित नतीजों ने छात्र राजनीति में कई नए समीकरण बना दिए हैं। इस बार के चुनावों की सबसे बड़ी खासियत यह रही कि केंद्रीय पैनल में अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों का दबदबा देखने को मिला। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) से संबद्ध अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने अध्यक्ष, सचिव और संयुक्त सचिव समेत तीन प्रमुख पदों पर परचम लहराया। वहीं, उपाध्यक्ष पद पर एक निर्दलीय उम्मीदवार ने बड़े-बड़े छात्र संगठनों को पटखनी देकर सबको चौंका दिया।
टिकट कटा तो निर्दलीय लड़े, 13 हजार से ज्यादा वोटों से जीते बस कंडक्टर के बेटे| DUSU election results update
उपाध्यक्ष पद के नतीजों ने हर किसी का ध्यान अपनी ओर खींचा। कांग्रेस समर्थित छात्र संगठन NSUI द्वारा टिकट न दिए जाने से नाराज दीपांशु शौकीन ने निर्दलीय ताल ठोक दी। पश्चिमी दिल्ली के पीरागढ़ी गांव के रहने वाले दीपांशु एक साधारण परिवार से आते हैं; उनके पिता डीटीसी में बस कंडक्टर हैं और मां आंगनवाड़ी शिक्षिका हैं। भगत सिंह कॉलेज से ग्रेजुएट और मौजूदा समय में बौद्ध अध्ययन विभाग के छात्र दीपांशु ने 30,615 वोट हासिल किए। उन्होंने अपने सबसे करीबी प्रतिद्वंद्वी ABVP के ईशु मौर्य को 13,705 वोटों के बड़े अंतर से हराया।
दीपांशु ने एनएसयूआई में उम्मीदवारों के चयन के तरीके और संगठनात्मक खामियों पर खुलकर सवाल उठाए। उन्होंने बताया कि छात्र जीवन में हॉस्टल, बुनियादी ढांचे और प्रशासनिक नीतियों की जिन दिक्कतों को उन्होंने खुद झेला, उन्हीं को चुनावी मुद्दा बनाया। सत्य निकेतन में इमारत गिरने से डीयू के पांच छात्रों समेत सात लोगों की मौत के बाद उन्होंने पूरे चुनाव प्रचार में नंगे पैर रहने का संकल्प लिया था। उनका कहना है कि जब तक पीड़ित छात्रों को न्याय नहीं मिलेगा, वे जूते नहीं पहनेंगे। जीत के बाद उन्होंने छात्रों का शुक्रिया अदा करते हुए कहा कि यह जीत साबित करती है कि छात्रों का भरोसा किसी संगठन से कहीं बड़ा होता है।
ABVP के टिकट पर जीते अंतरराष्ट्रीय एथलीट
दूसरी ओर, एबीवीपी ने अपने खेल पृष्ठभूमि वाले उम्मीदवारों के दम पर शानदार प्रदर्शन किया:
- अध्यक्ष पद पर टेनिस स्टार यश डबास: दिल्ली के कंझावला निवासी यश डबास ने 24,576 वोट पाकर डूसू अध्यक्ष पद पर जीत हासिल की। यश अंतरराष्ट्रीय स्तर के टेनिस खिलाड़ी हैं और स्पेन, ऑस्ट्रेलिया व सर्बिया में आईटीएफ टूर्नामेंट्स में खेल चुके हैं। खालसा कॉलेज से पढ़े यश फिलहाल बौद्ध अध्ययन विभाग के छात्र हैं।
- सचिव बनीं बास्केटबॉल खिलाड़ी रिया छाबड़ी: बदरपुर के मोड़बंद गांव के किसान परिवार से ताल्लुक रखने वाली रिया छाबड़ी ने 21,650 वोट लेकर सचिव पद अपने नाम किया। वह इंटर-कॉलेज स्तर की बास्केटबॉल खिलाड़ी हैं और श्री अरबिंदो कॉलेज से बीए कर रही हैं।
- संयुक्त सचिव बने हैंडबॉल चैंपियन लक्ष्य राज सिंह: राजस्थान के चूरू जिले के रहने वाले लक्ष्य राज सिंह ने 16,615 वोट पाकर संयुक्त सचिव का पद जीता। वह अंतरराष्ट्रीय हैंडबॉल खिलाड़ी हैं, जिन्होंने एशियाई खेलों और वर्ल्ड चैंपियनशिप में भारत का प्रतिनिधित्व किया है। फिलहाल वे डीयू के कैंपस लॉ सेंटर से वकालत की पढ़ाई कर रहे हैं।












































