Pakistan nuclear threat: परमाणु हथियारों के इस्तेमाल को लेकर दुनिया में लंबे समय से एक डर बना हुआ है। इसी बीच चीन में जन्मे कनाडाई प्रोफेसर जियांग ज्यूकिन ने इस सवाल पर बड़ा दावा किया है कि अगर भविष्य में किसी देश ने दोबारा परमाणु हथियारों का इस्तेमाल किया, तो वह कौन हो सकता है। यूट्यूबर राज शमानी के साथ बातचीत में उनसे इसी मुद्दे पर सवाल पूछा गया था। जवाब में प्रोफेसर जियांग ने कहा कि भारत और पाकिस्तान में से किसी एक के परमाणु हथियार इस्तेमाल करने की संभावना हो सकती है, लेकिन उनके अनुमान में पाकिस्तान के पहले परमाणु हथियार इस्तेमाल करने की संभावना ज्यादा है।
प्रोफेसर जियांग ने हालांकि शुरुआत में यह भी साफ किया कि उन्हें उम्मीद नहीं है कि मौजूदा पीढ़ी के जीवनकाल में परमाणु हथियारों का दोबारा इस्तेमाल होगा। उनके मुताबिक, परमाणु हथियारों के इस्तेमाल के खिलाफ पूरी दुनिया में एक मजबूत ‘न्यूक्लियर टैबू’ मौजूद है। लेकिन अगर उन्हें यह अनुमान लगाना पड़े कि सबसे पहले कौन सा देश परमाणु हथियार चला सकता है, तो उनका जवाब पाकिस्तान होगा।
पाकिस्तान को लेकर क्यों जताई आशंका? Pakistan nuclear threat
जियांग का यह अनुमान पाकिस्तान की सैन्य ताकत से ज्यादा वहां की कथित राजनीतिक और संस्थागत कमजोरियों पर आधारित है। उन्होंने पाकिस्तान को परमाणु हथियार रखने वाला कमजोर, अव्यवस्थित और भ्रष्ट देश बताया। उनका कहना है कि किसी गंभीर आपात स्थिति में परमाणु हथियारों पर नियंत्रण बनाए रखने के लिए जरूरी सिस्टम कितने प्रभावी रहेंगे, इसे लेकर चिंता हो सकती है।
🚨 Raj Shamani Asked Prof. Jiang which nation will use nuclear weapon first.
Prof. Jiang: If I would have to guess then it will possibly be Pakistan because Pakistan is very weak and disorganised nation to handle nuclear weapons.
Their system is corrupt they can’t survive… pic.twitter.com/U6zpoz2HHx
— Gagan Choudhary (@trigguuuu) August 12, 2026
उन्होंने यह भी तर्क दिया कि अगर कभी भारत और पाकिस्तान के बीच बड़ा सैन्य संघर्ष होता है, तो परमाणु हथियारों के इस्तेमाल का खतरा सबसे ज्यादा इसी क्षेत्र में हो सकता है। उनके मुताबिक, पारंपरिक सैन्य ताकत में भारत के मुकाबले कमजोर स्थिति पाकिस्तान को किसी बेहद गंभीर परिस्थिति में पहले परमाणु हथियार इस्तेमाल करने की तरफ धकेल सकती है।
भारत और पाकिस्तान की परमाणु नीतियों में भी एक बड़ा अंतर है। भारत ने No First Use यानी पहले परमाणु हथियार इस्तेमाल नहीं करने की नीति घोषित कर रखी है। वहीं पाकिस्तान ने ऐसी नीति नहीं अपनाई है। इसी अंतर को भी प्रोफेसर जियांग अपने आकलन में महत्वपूर्ण मानते हैं।
भारत-पाकिस्तान के पास कितना परमाणु जखीरा?
स्टॉकहोम इंटरनेशनल पीस रिसर्च इंस्टीट्यूट (SIPRI) के आंकड़ों के मुताबिक, भारत के पास करीब 190 परमाणु वॉरहेड हैं। इनमें से 2025 में 12 को पहली बार तैनात किए जाने की बात कही गई है। वहीं पाकिस्तान के पास करीब 170 परमाणु हथियार बताए गए हैं, हालांकि इनमें से किसी को तैनात नहीं किया गया है।
भारत और पाकिस्तान के बीच पहले भी कई सैन्य टकराव हो चुके हैं। यही वजह है कि दोनों देशों के परमाणु हथियारों को लेकर दुनिया की नजर हमेशा इस क्षेत्र पर बनी रहती है।
परमाणु हथियारों के इस्तेमाल का इतिहास
परमाणु हथियारों का युद्ध में इस्तेमाल अब तक सिर्फ एक बार हुआ है। दूसरे विश्व युद्ध के दौरान अमेरिका ने जापान के हिरोशिमा और नागासाकी शहरों पर परमाणु बम गिराए थे। इसके बाद से किसी युद्ध में परमाणु हथियार इस्तेमाल नहीं किए गए हैं।











































