कोरोना से ठीक होने के बाद भी इस बीमारी से जा रही मासूम बच्चों की जान! रहें सावधान…

vickynedrick@gmail.com | Nedrick News Published: 29 अगस्त 2021, 05:30 AM Updated: 29 अगस्त 2021, 05:30 AM
Google News
Follow Us on Google News
Prefer Nedrick News
on Google

महामारी कोरोना की तीसरी लहर का साया देश पर लगातार मंडरा रहा है। तमाम एक्सपर्ट्स कोरोना की थर्ड वेव को लेकर देशवासियों को अलर्ट कर रहे हैं। देश में पिछले कुछ दिनों में मामले बढ़ते हुए दिखाई दे रहे है। इसकी वजह एक ही राज्य को माना जा रहा है, वो है केरल। 

केरल में कोरोना की रफ्तार बेकाबू है। बीते कुछ दिनों से रोजाना 30 हजार से भी अधिक कोरोना केस अकेले केरल से ही सामने आ रहे हैं। केरल में कोरोना का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा। इस बीच केरल से एक और परेशान करने वाली खबर सामने आई है। 

4 बच्चों की हुई मौत

दरअसल, राज्य में बच्चों पर एक और आफत आई हुई है। ये मुसीबत है मल्टी-सिस्टम इंफ्लेमेटरी सिंड्रोम-इन चिल्ड्रन (MIS-C) नाम की। ये बच्चों में एक तरह का पोस्ट कोविड कॉम्प्लिकेशन होता है। ये अब मासूमों के लिए जानलेवा भी साबित हो रहा है। दरअसल, MIS-C नाम की इस मुसीबत की चपेट में आने की वजह से 4 बच्चे अपनी जान गंवा चुके हैं। 

सीएम ने की माता-पिता से ये अपील

वहीं स्वास्थ्य मंत्रालयों की आंकड़ों की मानें तो केरल में बीते 5 महीनों में 300 से अधिक बच्चे इस MIS-C नाम की पोस्ट कोविड कॉम्प्लिकेशन का शिकार हुए। राज्य में ये संक्रमण नई परेशानी के रूप में बनकर उभर रहा है। यही वजह है कि केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने MIS-C को लेकर बच्चों के माता पिता को सतर्क किया हैं। उन्होंने इस संक्रमण के लक्षण दिखने पर तुरंत बच्चों को अस्पताल ले जाने या चिकित्सा सहायता लेने की अपील की। सीएम ने कहा कि इस बीमारी का इलाज संभव है, लेकिन अगर इसे अनदेखा किया गया, तो ये मुश्किल हो जाएगा।

जानिए MIS-C के बारे में…

2 साल से लेकर 15 साल तक के बच्चे इसक बीमारी चपेट में आ सकते हैं। ये पोस्ट कोविड की समस्याओं से जुड़ा है, जिसके लक्षण बच्चों में कोरोना से ठीक होने के बाद दिखते हैं। MIS को लेकर ज्यादा सतर्क होने की जरूरत है, क्योंकि ये बीमारी खतरनाक है। हालांकि अगर बच्चों को सही वक्त पर अस्पताल ले जाया जाए, तो खतरा कम हो जाता है।  

ये है इस बीमारी के लक्षण

अब आपको इसके सिम्पटम्स के बारे में भी बता देते हैं, जिनके दिखने पर माता पिता को तुरंत ही अलर्ट हो जाना चाहिए। अगर कोरोना से ठीक होने के कुछ दिनों या हफ्तों बाद बच्चे को तेज बुखार आए और वो 2 से 3 दिनों तक रहे, तो ये इस बीमारी के संकेत है। इसके अलावा शरीर में दाने होना, आंखों का लाल होना, सूजन आना, तेज पेट दर्द, उल्टी, सांस में तकलीफ, सीने में दर्द या दबाव लगना, चेहरे या होंठ का नीला पड़ना भी MIS बीमारी के लक्षणों में शामिल है। ये हार्ट पर भी असर डालता है। 

अगर बच्चे में इस तरह के लक्षण दिखाई दें, तो बिना देर करें उन्हें डॉक्टरों से संपर्क रहें। ठीक वक्त पर बच्चों को इलाज मिल जाए, तो वो इससे पूरी तरह ठीक हो जाते हैं। 

केरल में एक्टिव केस की संख्या 2 लाख पार

बात अगर केरल में कोरोना के केस की करें तो ये आंकड़ा लगातार 30 हजार के पार पहुंचा हुआ है। जहां देश में कुल मामले इस वक्त 45-46 हजार तक आ रहे हैं, उसमें से 30 हजार से भी अधिक केस तो अकेले केरल में है। तो इससे आप समझ सकते हैं कि वहां के हालात कैसे होंगे। केरल में फिहा एक्टिव केस की संख्या 2 लाख के पार है। 

vickynedrick@gmail.com

vickynedrick@gmail.com https://nedricknews.com

Recent News

Editor's Picks

©2026- All Right Reserved. Manage By Marketing Sheds