Skincare routine common mistakes: साफ, बेदाग और शीशे जैसी चमकती त्वचा पाना आज हर किसी की चाहत है। इसके लिए लोग सोशल मीडिया ट्रेंड्स देखकर महंगे सीरम, क्रीम और नए-नए ब्यूटी प्रोडक्ट्स पर पानी की तरह पैसा बहाने से भी नहीं हिचकते। लेकिन अक्सर देखने में आता है कि स्किन को बेहतर बनाने के फेर में लोग कुछ ऐसी गलत आदतें पाल लेते हैं, जो फायदे के बजाय चेहरे का भारी नुकसान कर देती हैं। स्किन एक्सपर्ट्स और डर्मेटोलॉजिस्ट का भी यही मानना है कि चेहरे पर हर नई चीज पोतना समझदारी नहीं है। अपनी त्वचा की जरूरत को पहचानकर एक सीधा और सादा रूटीन अपनाना ही असली खूबसूरती का राज है।
आइए जानते हैं स्किनकेयर से जुड़ी उन 4 आम गलतियों के बारे में, जिन्हें आपको तुरंत छोड़ देना चाहिए:
एक साथ ढेर सारे प्रोडक्ट्स और सीरम की लेयरिंग| Skincare routine common mistakes
बाजार में इन दिनों अलग-अलग तरह के एसिड्स, टोनर्स, एक्टिव इंग्रेडिएंट्स और सीरम की भरमार है। हर प्रोडक्ट का लुभावना विज्ञापन देखकर अक्सर लोग आधा दर्जन चीजें एक साथ चेहरे पर लगाने लगते हैं। लेकिन कई तरह के केमिकल या एक्टिव्स को आपस में मिलाने से त्वचा की प्राकृतिक परत डैमेज हो सकती है। इसके चलते चेहरे पर तेज जलन, लाल चकत्ते, रूखापन या खुजली की समस्या खड़ी हो जाती है।
बेहतर यही है कि अपना स्किनकेयर रूटीन बिल्कुल हल्का और सीधा रखें। सुबह के वक्त केवल एक सौम्य क्लींजर, मॉइश्चराइजर और अच्छा सनस्क्रीन ही काफी है। वहीं रात को सोने से पहले चेहरा धोकर जरूरत के मुताबिक कोई एक सीरम और मॉइश्चराइजर लगाना पर्याप्त होता है।
मेकअप या सनस्क्रीन बिना धोए सो जाने की भूल
दिनभर धूप, पसीने और धूल-मिट्टी के संपर्क में रहने के बाद रात को बिना चेहरा धोए बिस्तर पर जाना त्वचा के साथ सबसे बड़ा खिलवाड़ है। चेहरे पर लगा मेकअप, सनस्क्रीन की परत और जमा हुआ पसीना मिलकर स्किन पोर्स (रोमछिद्रों) को पूरी तरह ब्लॉक कर देते हैं। इससे त्वचा खुलकर सांस नहीं ले पाती और सुबह उठते ही चेहरे पर ब्रेकआउट्स या मुंहासे दिखने लगते हैं। रात को सोने से पहले मेकअप को अच्छी तरह रिमूव करें और फिर किसी माइल्ड क्लींजर से चेहरा साफ करके ही सोएं।
पिंपल्स को बार-बार छूना या फोड़ना
चेहरे पर जब भी कोई दाना या पिंपल निकलता है, तो ज्यादातर लोगों का हाथ बार-बार उसी पर जाता है और वे उसे दबाकर फोड़ने की कोशिश करते हैं। यह आदत स्किन के लिए बेहद खतरनाक है। पिंपल को दबाने से उसके अंदर का इंफेक्शन त्वचा में और गहराई तक फैल जाता है, जिससे आसपास सूजन बढ़ जाती है। इतना ही नहीं, फोड़ने के बाद वहां गहरे गड्ढे या कभी न जाने वाले काले दाग-धब्बे बन जाते हैं। इसलिए पिंपल को खुद ठीक होने दें और जरूरत लगे तो एक्सपर्ट की सलाह से सही ऑइंटमेंट लगाएं।
‘नेचुरल’ और ‘हर्बल’ के नाम पर आंख मूंदकर भरोसा
अक्सर लोग मान लेते हैं कि जिस डब्बे पर ‘Natural’, ‘Herbal’ या ‘Clean’ लिखा है, वह पूरी तरह सुरक्षित ही होगा। सच्चाई यह है कि प्राकृतिक चीजें भी हर किसी की स्किन को सूट नहीं करतीं। कई बार नींबू, एसेंशियल ऑयल या जड़ी-बूटियों से भी त्वचा पर गंभीर एलर्जी या रैशेज हो सकते हैं। इसलिए केवल पैकेजिंग के दावों पर न जाएं, उसके घटकों को पढ़ें और अपनी त्वचा की जरूरत समझकर ही कोई नया प्रोडक्ट इस्तेमाल करें। अगर चेहरे पर कोई समस्या लगातार बनी रहे, तो खुद डॉक्टर बनने के बजाय डर्मेटोलॉजिस्ट से मिलना सबसे सही रास्ता है।












































