Gwalior temple truck accident: मध्य प्रदेश के ग्वालियर में बीती रात एक दिल दहला देने वाला सड़क हादसा हो गया। नवरात्रि के पावन पर्व पर शीतला माता मंदिर में दर्शन करने पहुंचे श्रद्धालुओं पर उस वक्त काल बनकर एक ट्रक टूट पड़ा, जब वे कतारों में लगे थे और आसपास की दुकानों पर चहल-पहल थी। अनाज की बोरियों से लदा एक बेकाबू ट्रक ढलान से नीचे उतरते हुए दुकानों और श्रद्धालुओं को रौंदता चला गया और सीधे मंदिर के मुख्य गेट में जा घुसा। इस भीषण दुर्घटना में अब तक 15 श्रद्धालुओं की जान जा चुकी है, जबकि 25 से ज्यादा लोग गंभीर रूप से घायल हैं।
रात के सन्नाटे में मची चीख-पुकार| Gwalior temple truck accident
हादसा रात के करीब डेढ़ बजे हुआ। नवरात्रि के चलते शीतला माता मंदिर परिसर में देर रात भी भारी भीड़ थी। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, अनाज से भरा ट्रक पहाड़ी रास्ते से आ रहा था कि अचानक ड्राइवर गाड़ी पर से अपना नियंत्रण खो बैठा। ढलान होने की वजह से ट्रक की रफ्तार और बढ़ गई। देखते ही देखते ट्रक मंदिर के बाहर सजी दुकानों और वहां खड़े लोगों को कुचलता हुआ मंदिर के गेट से टकराकर रुका। टक्कर इतनी जोरदार थी कि मौके पर भगदड़ और चीख-पुकार मच गई।
आसपास मौजूद स्थानीय लोगों ने तुरंत राहत-बचाव का काम शुरू किया और पुलिस व एम्बुलेंस को खबर दी। सूचना मिलते ही कलेक्टर रुचिका सिंह चौहान और एसएसपी धर्मवीर सिंह यादव दल-बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और घायलों को तुरंत अस्पताल भिजवाया। अस्पताल में भर्ती घायलों में से चार से पांच लोगों की हालत बेहद नाजुक बताई जा रही है, जिससे मृतकों का आंकड़ा बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
पोस्टमॉर्टम हाउस पर फूटा परिजनों का गुस्सा
हादसे में जान गंवाने वाले लोग मुख्य रूप से ग्वालियर, शिवपुरी और श्योपुर जिलों के रहने वाले थे। सुबह जब शवों को पोस्टमॉर्टम हाउस लाया गया, तो वहां परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। स्थिति उस वक्त तनावपूर्ण हो गई जब एसएसपी धर्मवीर सिंह यादव वहां पहुंचे। गुस्साए परिजनों ने पुलिस-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। परिजनों का साफ कहना था कि जिस रास्ते पर दिन में साइकिल तक ले जाना मुश्किल होता है, वहां रात में अनाज से लदा इतना भारी-भरकम ट्रक कैसे घुस गया? इलाके में तनाव को देखते हुए पोस्टमॉर्टम हाउस के बाहर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।
सीएम और पीएम ने जताया दुख, आर्थिक मदद की घोषणा
इस दर्दनाक हादसे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गहरा शोक व्यक्त किया है। प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) की ओर से जारी संदेश में पीएम मोदी ने संवेदना व्यक्त करते हुए प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (PMNRF) से मृतकों के परिजनों को 2-2 लाख रुपये और घायलों को 50-50 हजार रुपये की आर्थिक मदद देने का ऐलान किया।
वहीं, मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने हादसे को अत्यंत हृदयविदारक बताते हुए राज्य सरकार की ओर से मृतकों के परिवारों को 4-4 लाख रुपये, गंभीर घायलों को 2-2 लाख रुपये और अन्य घायलों को 50-50 हजार रुपये की सहायता राशि देने के निर्देश दिए हैं। सीएम ने यह भी स्पष्ट किया कि सभी घायलों का इलाज पूरी तरह मुफ्त कराया जाएगा। इसके साथ ही हालात का जायजा लेने और पीड़ितों की मदद के लिए मंत्री ऐदल सिंह कंसाना और मंत्री राकेश शुक्ला को तुरंत ग्वालियर पहुंचने के निर्देश दिए गए हैं।












































