Cricketers of Punjab: साल 2007 की बात है.. 19 सितंबर को दक्षिण अफ्रीका के डरबन में मैदान पर दुनिया की दो दिग्गज टीमें भारत औऱ इंग्लैंड के बीच टी -20 विश्व कप का मैच चल रहा था.. क्रिज पर थे भारत के बायें हाथ के बल्ले युवराज सिंह और सामने थे स्टुअर्ट ब्रॉड.. युवराज सिंह ने इस मैच में धुंआधार बल्लेबाजी करते हुए न केवल 6 बॉल पर 6 छक्के मारे बल्कि मात्र 12 गेंदो में अर्धशतक जड़ दिया। युवराज सिंह का ये रिकॉर्ड आज भी बरकरार है, जिसे कोई टी 20 मुकाबले में तोड़ नही सका…. युवराज सिंह अब भले ही रिटायर हो चुके है, लेकन उनके इस खेल ने न केवल भारत का बल्कि पंजाब की मिट्टी की भी मजबूती को दिखाया था। अपने इस लेख में हम पंजाब के ऐसे ही पांच मजबूत और धुआंधार क्रिकेटरों के बारें में जानेंगे.. जिन्होंने क्रिकेट की दुनिया में धमाल मचाया हुआ था।
कपिल देव- Kapil Dev
भारतीय क्रिकेट के इतिहास में कपिल देव का नाम हमेशा स्वर्णिम अक्षरों में लिखा जायेगा। एक ऐसे महान ऑरराउंडर, जिन्होंने पहली बार भारत को 1983 में विश्व कप जिताया था। पंजाब के चंडीगढ़ में एक पंजाबी परिवार में जन्म लेने वाले कपिलदेव के नाम अब तक टेस्ट में सबसे ज्यादा विकेट लेने का रिकॉर्ड दर्ज है। उन्होंने अपने टेस्ट क्रिकेट में 434 विकेट लिये थे। 1994 में उन्होंने क्रिकेट से सन्यास लेकर बिजनस में हाथ आजमाया। साल 2002 में विजडन ने उन्हें INDIAN CRICKETER OF THE CENTURY चुना था।
हरभजन सिंह – Harbajan Singh
भारत की ओर से पहली बार विकेट लेने में हैट्रिक लगाने का श्रैय अगर किसी को जाता है तो वो है पंजाब के स्पिनर गेंदबाज हरभजन सिंह को। उनकी गेंदबाजी और गुगली में फंस कर अच्छे अच्छे बल्लेबाज अपने विकेट गवां देते थे.. 3 जुलाई 1980 में पंजाब के जालंधर में जन्में हरभजन सिंह को क्रिकेट प्रेमी टर्बनेटर भी कहते है। दिसंबर 2021 में उन्होंने क्रिकेट से सन्यास ले लिया और अभी वो राज्य सभा सांसद है औऱ बीजेपी के नेता है।
मोहिंदर अमरनाथ – Mohinder Amarnath
24 सितंबर 1950 को पंजाब के पटियाला में जन्में मोहिंदर अमरनाथ भारत के पूर्व टेस्ट कप्तान लाला अमरनाथ के बेटे है। लाला अमरनाथ आजादी के बाद भारत के पहले टेस्ट कप्तान बने थे। 1983 में हुए विश्व कप में मोहिंदर ने सेमिफिनाले और फिनाले के नॉकआउट मैंचो में अपनी परफोर्मेंस के कारण मैन ऑफ द मैच का खिताब जीता था। हालांकि उनकी परफोर्मेंस के कारण ही वो 11 बार टीम से बाहर भी हुए लेकिन वो हर बार वापसी करते थे। साल 1989 में उन्होंने सन्यास ले लिया था और अभी वो बडोदरा में मोहिंदर लाला अमरनाथ क्रिकेट अकेडमी में युवा खिलाड़ियों को ट्रेनिंग देते है। 2009 में उन्हें सीके नायडू लाइफटाइम अचीवमेंट पुरुस्कार से सम्मानित किया गया।
बिशन सिंह बेदी – Bisan Singh Bedi
पंजाब के एक भारतीय गेंदबाज, जिनके आगे बल्लेबाज भी खड़े होने के घबराते थे। 25 सितंबर 1946 को पंजाब के अमृतसर में जन्में बिशन सिंह बेदी बायें हाथ के ऑर्थोडॉक्स स्पिन गेंदबाजी में पारंगत थे। उन्होंने 22 टेस्ट मैचो में कप्तानी भी की थी। उन्होंने टेस्ट क्रिकेट में 266 विकेट लिे थे। वहीं वो 1960 के दशक में फेमस स्पिन चौकड़ी का हिस्सा भी थे, जिसमें प्रसन्ना, चंद्रशेखर और वेंकटाराघवन भी शामिल थे। मशहूर एक्ट्रेस नेहा धूपिया उनकी ही बहू है। 23 अक्टूबर 2023 को उनका नई दिल्ली में निधन हो गया था।
शुभमन गिल – Shubman Gill
पंजाब के सबसे युवा खिलाड़ी शुभमन गिल ने आईपीएल के जरिए बहुत तेजी से सुर्खियां बटोरी। 8 सितंबर 1999 को पंजाब के फजिल्का में जन्मे शुभमन गिल ने 2018 में आईसीसी अंडर 19 क्रिकेट वर्ल्ड कप में खेलते हुए 104.50 की औसत से 5 मैच में 372 रन बनाये थे। उनकी धुआंधूर पारी के कारण उन्हें प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट चुना गया था। जिसके बाद वो केकेआर के लिए खेलने लगे लेकिन जल्द ही वो 2019 में सिनियर टीम का हिस्सा बन गए.. इस वक्त को गुजरात टाइटेंस के कप्तान है। उन्होंने अपनी कप्तानी में पहली ही बार में गुजरात टाइटंस को आईपीएल की ट्राफी जितवाई थी। वो आईसीसी रैंकिंग में भी पहले पायदान पर पहुंच चुके है। गिल इस वक्त भारतीय सीनियर टीम के कप्तान की भूमिका निभा रहे है। ये है पंजाब के पांच क्रिकेटर, जिन्होंने क्रिकेट जगत में हमेशा धमाल मचाया।













































