Pahalgam attack mastermind: पहलगाम आतंकी हमले के एक साल बाद उस पूरी साजिश का सबसे अहम चेहरा आखिरकार सामने आ गया है। इस मामले में अब जो खुलासे हुए हैं, उन्होंने सुरक्षा एजेंसियों और जांच को एक नया मोड़ दे दिया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस हमले का मास्टरमाइंड साजिद जट्ट है, जो पाकिस्तान में बैठकर कश्मीर में आतंकी घटनाओं की साजिशें रचता रहा है।
सूत्रों के अनुसार, यह आतंकी लश्कर-ए-तैयबा और TRF जैसे संगठनों से जुड़ा हुआ बताया जा रहा है। हालांकि अब उसकी असली पहचान और लोकेशन को लेकर बड़े खुलासे सामने आए हैं। बताया जा रहा है कि वह अब अपनी असली पहचान छिपाकर अलग-अलग नाम और हुलिया बदलकर पाकिस्तान में रह रहा है।
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असली नाम और पहचान का बड़ा खुलासा | Pahalgam attack mastermind
जांच में यह सामने आया है कि साजिद जट्ट का असली नाम हबीबुल्लाह तबस्सुम है और उसके पिता का नाम मोहम्मद रफीक बताया गया है। सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, यह वही व्यक्ति है जिसने बैरसन घाटी में हुए हमले में भूमिका निभाई थी। राष्ट्रीय जांच एजेंसी NIA ने अपनी जांच में इसे इस हमले का मुख्य आरोपी माना है और इस पर 10 लाख रुपये का इनाम भी घोषित किया गया है।
पाकिस्तान में बदलती पहचान और ठिकाने
ताजा जांच में यह भी सामने आया है कि यह आतंकी पाकिस्तान के अलग-अलग शहरों में छिपता रहा है। कभी कसूर जिले में तो कभी रावलपिंडी के किराए के घरों में इसका ठिकाना रहा है। उसके पास से मिले कुछ पहचान पत्रों ने भी बड़ा खुलासा किया है। एक दस्तावेज 2015 का है, जिसमें उसकी जन्मतिथि 1976 दर्ज है और पता कसूर बताया गया है। वहीं दूसरे पहचान पत्र में उसे इस्लामाबाद के G-6 इलाके में दिखाया गया है, जिसमें उसकी जन्मतिथि बदलकर 1982 कर दी गई है।
यानी साफ है कि वह लगातार अपनी उम्र और पहचान बदलकर खुद को छिपाने की कोशिश करता रहा है।
ISI की मदद और ‘सेफ हाउस’ में रहन-सहन
सूत्रों का कहना है कि पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI उसे सुरक्षा और छिपने की सुविधा दे रही है। उसे कई ‘सेफ हाउस’ में रखा गया है ताकि उसकी पहचान उजागर न हो सके। खुफिया रिपोर्ट्स में यह भी सामने आया है कि उसे अब लगातार इस डर ने घेर रखा है कि कहीं अज्ञात हमलावर उसे निशाना न बना लें। इसी वजह से वह अब बेहद साधारण जिंदगी जी रहा है।
‘सलीम लंगड़ा’ बनकर छिपा हुआ आतंकी
सूत्रों के अनुसार, जम्मू-कश्मीर में एक मुठभेड़ के दौरान उसके पैर में गोली लगी थी, जिसके बाद वह लंगड़ा कर चलता है। इसी वजह से उसने पाकिस्तान में अपना एक और नाम ‘सलीम लंगड़ा’ रख लिया। रिपोर्ट्स के मुताबिक, वह अब पुराने कपड़े पहनकर और कीपैड मोबाइल का इस्तेमाल करके खुद को बेहद सामान्य व्यक्ति की तरह पेश करता है ताकि किसी को उस पर शक न हो।
कश्मीर हमलों की साजिशों का नेटवर्क
जांच एजेंसियों का मानना है कि कश्मीर में हुए कई आतंकी हमलों की योजना इसी ने तैयार की थी। यह पाकिस्तान में बैठकर लगातार अपने नेटवर्क को ऑपरेट करता रहा है और नए आतंकियों को निर्देश देता रहा है। एक रिपोर्ट के अनुसार, साल 2022 में इसके एक करीबी साथी की पाकिस्तान में हत्या हो गई थी, जिसके बाद यह और ज्यादा सतर्क हो गया और अपनी लोकेशन बदल दी।
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