Ghaziabad के क्रॉसिंग रिपब्लिक (Crossings Republik) में आज उस वक्त हड़कंप मच गया, जब देखते ही देखते 12 दुकानें और एक हाई-राइज फ्लैट आग के गोले में तब्दील हो गए। गौर चौक के पास हुए सिलेंडर धमाकों ने इलाके को दहला दिया और आसमान में धुएं का ऐसा गुबार छाया कि दिन में ही अंधेरा लगने लगा। चीख-पुकार और अफरा-तफरी के बीच दमकल कर्मी आग की लपटों से जूझते नजर आए।
इससे कई सवाल खड़े होते है क्या मार्केट में अवैध रूप से कमर्शियल गैस का इस्तेमाल या रिफिलिंग हो रही थी? प्रशासन ने इस पर पहले कार्रवाई क्यों नहीं की? प्रशासन की इसी चुप्पी का नतीजा आज इन दुकानदारों को भुगतना पड़ रहा है। अब देखना यह है कि क्या इस तबाही के बाद भी जिम्मेदार कुंभकर्णी नींद से जागेंगे या फिर किसी और बड़े हादसे का इंतजार करेंगे?
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क्या है पूरा मामला
मीडिया द्वारा मिली जानकारी के मुताबिक बताया जा रहा है कि गाजियाबाद के क्रॉसिंग रिपब्लिक (Crossings Republik) का है, जहाँ मंगलवार सुबह 10:50 बजे आग ने तांडव मचाया। गौर चौक के पास एक मार्केट की दुकान में लगी आग ने 12 दुकानों को खाक कर दिया, जिसमें सिलेंडर फटने से धमाके भी हुए। इसी दौरान पास की अजनारा ग्रीन सोसाइटी की 22वीं मंजिल पर एक फ्लैट में भी आग लग गई। दमकल की 5 से ज्यादा गाड़ियों ने घंटों की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।
कैसे लगी आग
काले धुएं का गुबार आसमान में कई किलोमीटर दूर से देखा गया। शुरुआती जानकारी के अनुसार, आग लगने का मुख्य कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। एक दुकान में शॉर्ट सर्किट होने के बाद लपटें वहां रखे तीन गैस सिलेंडरों तक पहुँच गईं, जिससे जोरदार विस्फोट हुआ और आग ने विकराल रूप ले लिया।
राहत और बचाव कार्य
अग्निशमन विभाग ने कोतवाली, वैशाली और साहिबाबाद स्टेशनों से पांच से अधिक फायर टेंडर मौके पर भेजे। दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद दोनों जगहों की आग पर काबू पाया। हालांकि इस घटना में लाखों के माल का नुकसान हुआ है, लेकिन राहत की बात यह रही कि कोई जनहानि (Casualty) नहीं हुई। प्राथमिक जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है।
फायर सेफ्टी पर गंभीर सवाल
Crossings Republik की इस घटना ने एक बार फिर शहरी इलाकों में फायर सेफ्टी (Fire Safety) के इंतजामों और अवैध कमर्शियल गतिविधियों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि, दमकल विभाग की मुस्तैदी से एक बड़ा जानी नुकसान टल गया, लेकिन करोड़ों की संपत्ति खाक हो गई। प्रशासन के लिए अब यह अनिवार्य होना चाहिए कि वह हाई-राइज सोसायटियों और बाजारों में अग्नि सुरक्षा मानकों की कड़ाई से जांच करे, ताकि भविष्य में ‘शॉर्ट सर्किट’ या ‘लापरवाही’ जैसे छोटे कारण इतनी बड़ी तबाही की वजह न बनें।



























