LAC पर चीन की हरकत पर रक्षामंत्री ने सदन में दिया बयान

vickynedrick@gmail.com | Nedrick News Published: 13 Dec 2022, 12:00 AM | Updated: 13 Dec 2022, 12:00 AM

संसद के शीतकालीन सत्र में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने दिया बयान 

अरुणाचल प्रदेश (Arunachal Pradesh) में LAC पर 14 हजार फीट की ऊंचाई पर 9 दिसंबर को भारतीय और चीनी सैनिकों के बीच हुई झड़प हुई थी. वहीं अब इस मामले को लेकर संसद के शीतकालीन सत्र में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) ने बयान दिया है. 

Also Read- Katihar Gangwar: ‘जहां मोहन ठाकुर ने दी है 20 विकेट गिराने की धमकी तो वहीं पप्पू यादव ने दिया है मारने या मरने का चैलेंज.

रक्षामंत्री ने सदन में रखी अपनी बात

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने लोकसभा (lok sabha) में इस संबंध में अपना बयान दिया। राजनाथ सिंह ने अपने तीन मिनट के बयान में कहा- 9 दिसंबर 2022 को PLA ट्रूप्स ने तवांग में LAC का उल्लंघन कर नियम तोड़े थे। भारतीय सेना ने PLA को अतिक्रमण से रोका। उन्हें उनकी पोस्ट पर जाने के लिए मजबूर कर दिया। राजनाथ सिंह ने बताया कि इस मामले में दोनों तरफ के कुछ सैनिकों को चोटें आई हैं। रक्षा मंत्री ने बताया कि इस झड़प में किसी भी भारतीय सैनिक (Indian soldier) की मौत नहीं हुई है। न ही कोई गंभीर रूप से घायल है।

रक्षामंत्री ने करी हस्तक्षेप की बात 

इसी के साथ रक्षामंत्री (Defense Minister) ने कहा कि समय से हमने हस्तक्षेप किया, जिसकी वजह से चीनी सैनिकों को लौटना पड़ा। राजनाथ सिंह ने बताया कि लोकल कमांडर ने 11 दिसंबर को चाइनीज काउंटर पार्ट के साथ व्यवस्था के तहत फ्लैग मीटिंग की। इसमें चीन को ऐसे एक्शन के लिए रोका गया है, ताकि शांति बनी रहे। रक्षा मंत्री ने कहा-“इस मुद्दे को चीनी पक्ष के साथ कूटनीतिक स्तर पर भी उठाया गया है। मैं सदन को आश्वस्त करना चाहता हूं कि हमारी सेनाएं हमारी भौमिक अखंडता को सुरक्षित रखने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं और इसके खिलाफ किसी भी प्रयास को रोकने के लिए सदैव तत्पर हैंI मुझे विश्वास है कि यह सदन हमारी सेनाओं की वीरता और साहस को एक स्वर से समर्थन देगा।” 

विपक्ष ने उठाए तवांग ममाले पर सवाल 

इससे पहले विपक्ष ने तवांग मामला उठाया, तब संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने इसका जवाब देते हुए कहा कि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह दोपहर 12 बजे इस मामले पर बयान देंगे। हालांकि, विपक्षी सदस्यों ने भरोसा नहीं किया और विरोध करना जारी रखा और इस मुद्दे पर तत्काल चर्चा की मांग की।

आपको बता दें कि पूर्वी लद्दाख में दोनों पक्षों के बीच 30 महीने से अधिक समय से जारी सीमा गतिरोध के बीच पिछले शुक्रवार(9 दिसंबर) को संवेदनशील क्षेत्र में LAC के पास यांग्त्से के पास झड़प हुई थी। 

Also Read- विश्वगुरु के परदे के पीछे भारत सरकार छुपा रही है डरावना सच, Forbes की REPORT ने किया भंडाफोड़.

vickynedrick@gmail.com

vickynedrick@gmail.com https://nedricknews.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Editor's Picks

©2026- All Right Reserved. Manage By Marketing Sheds