Trending

गुरुद्वारा श्री कंगन घाट: गुरु गोविंद सिंह जी की बाल लीलाओं से है इस जगह की ख्याति

vickynedrick@gmail.com | Nedrick News Published: 20 Sep 2023, 12:00 AM | Updated: 20 Sep 2023, 12:00 AM

गुरुद्वारा श्री कंगन घाट, सिखों के 10वें गुरु, गुरु गोविंद सिंह जी का जन्मस्थल बिहार के पटना में स्थित है. यह गुरुद्वारा तख्त श्री हरमंदिर जी पटना साहिब से पैदल दूरी पर स्थित है. जो श्रद्धालु तख्त श्री हरमंदिर जी पटना साहिब पर माथा टेकने आते है, वह सभी गुरुद्वारा श्री कंगन घाट में आना नहीं भूलते है. गुरुद्वारा श्री कंगन घाट की कहानी सिखों के 10वें गुरु गोविंद सिंह जी से जुडी है. यह गुरुद्वारा श्री कंगन घाट गंगा नदी के किनारे है, जहाँ बचपन में सिखों के गुरु, गुरु गोविंद सिंह जी की बाल लीलाओं के कहानियां जुडी हुई है. कहा जाता है कि युवा गुरु गोविंद सिंह जी अपने दोस्तों के साथ खेलते थे, जिसमे वह क्रत्रिम युद्ध का आयोजन करते थे और उसमे भी जीतने का इरादा रखते थे. पहले गंगा नदी के किनारे स्थित गुरुद्वारा श्री कंगन घाट था, लेकिन समय के साथ नदी उत्तर की तरफ हो गयी है,

हम आपको बता दे कि वर्तमान में यहा एक छोटा सा गुरुद्वारा है. लेकिन नई योजना के अनुसार तख्त पटना साहिब समिति कंगन घाट की वर्तमान सरचना से सटी हुई जमीन आवंटित की गयी है. नई योजना के अनुसार इस गुरूद्वारे की पुराणी सरचना से वास्तुकार के अनुसार फिर से बनाया जायेगा.

और पढ़ें : सिखों के इन दो महान गुरुओं से जुड़ी है गुरुद्वारा श्री गुरुगढ़ साहिब की कहानी

गुरुद्वारा श्री कंगन घाट की कहानी

सिखों के इतिहास के अनुसार गुरुद्वारा श्री कंगन घाट की कहानी सिखों के 10वें गुरु, गुरु गोविंद सिंह जी से जुडी है. कहा जाता है कि यह गुरुद्वारा गंगा नदी के किनारे स्थित है जहाँ अपने बचपन में गुरु गोविंद सिंह जी अपने दोस्तों के साथ खेलते थे. जहाँ गुरु गोविंद सिंह जी की कई बाल लीलाओं के बारे में कहानियां है. जिनका जिक्र सिखों के इतिहास में मिलता है.

सिखों के 10वें गुरु गोविंद सिंह जी का जन्मस्थल पटना में गंगा किनारे, कंगन घाट पर बचपन में उनकी माँ द्वारा दिए गए सोने के कंगनों में से एक कंगन इस घाट पर गुम गया था, जब उनकी माता ने पुछा तो गुरु जी ने अपना दूसरा कंगन भी उस घाट में फैंक दिया था. और कहा कि आज के बाद इस स्थान पर अगर कोई कंगन ढूंढेगा , तो उन्हें कंगन मिल जायेगा.

कंगन घाट स्थान की खास बात

गुरुद्वारा श्री कंगन घाट की एक विशेषता यह भी है कि यहाँ तीन जिलों की सीमा मिलती है. इस घाट का कुछ हिस्सा पटना, कुछ हिस्सा वैशाली और कुछ सारण जिले में आता है. इस घाट का निर्माण इन तीन जिलों के जिलाधिकारियो की सहमति से किया जाता है.

इस स्थान को सिखों का पवित स्थल माना जाता है, जो श्रद्धालु तख्त श्री हरमंदिर जी पटना साहिब पर माथा टेकने आते है तो यह श्रद्धालु गुरुद्वारा श्री कंगन घाट पर आना कभी नहीं भूलते है, इस स्थान को श्री हरमंदिर साहिब जी का ही हिस्सा मानते है. हम आपको बता दे कि वर्तमान में यहा एक छोटा सा गुरुद्वारा है लेकिन नई योजना में इस गुरूद्वारे का निर्माण इसकी असली सरचना के अनुसार बनाया जायेगा. सिखों के गुरु से जुड़ा यह गुरुद्वारा सिखों के लिए बहुत पवित्र है.

और पढ़ें : श्री मुक्तसर साहिब: जब 40 सिख रणबांकुरों के साथ मिलकर गुरु गोविंद सिंह ने मुगलों को धूल चटाई थी

vickynedrick@gmail.com

vickynedrick@gmail.com https://nedricknews.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Editor's Picks

Latest News

©2026- All Right Reserved. Manage By Marketing Sheds