Trending

जानिए क्या है लट्ठमार होली के पीछे का सच?, क्यों इस मौके पर महिलाएं पुरुषों के ऊपर बरसाती है लाठी

vickynedrick@gmail.com | Nedrick News Published: 02 Mar 2023, 12:00 AM | Updated: 02 Mar 2023, 12:00 AM

जानिए मथुरा में क्यों मनाई जाती है लट्ठमार होली  

इस साल देश में 8 नवम्बर को होली (Holi 2023) का  त्यौहार मनाया जायेगा. वहीं होली की बात हो रही है तो इस मौके पर मथुरा (Mathura) की लट्ठमार होली (Lathmar Holi) का जिक्र जरुर होता है. उत्तर प्रदेश (Uttar pradesh) में होली के मौके पर लट्ठमार होली खेली जाती है. लेकिन इस बात की जानकारी लोगों को नहीं है कि उत्तर प्रदेश का मथुरा में लट्ठमार होली कब से शुरू हुई और क्यों यहाँ पर लट्ठमार होली खेलते हैं. 

Also Read- टीचर को दिल दे बैठे थे कुमार विश्वास, शादी के बाद घर में नहीं मिली एंट्री कुछ ऐसी है इनकी लव स्टोरी…

 कैसे शुरू हुई ये परंपरा

जानिए क्या है लट्ठमार होली के पीछे का सच?, क्यों इस मौके पर महिलाएं पुरुषों के ऊपर बरसाती है लाठी — Nedrick News

उत्तर प्रदेश के मथुरा अंचल में लट्ठमार होली की अनूठी परंपरा द्वापर युग से शुरू हुई थी. पौरणिक कथा के अनुसार, होली के मौके पर भगवान कृष्ण राधा के जन्म स्थान बरसाना होली खेलने जाते थे. माना जाता है कि कृष्ण अपने सखाओं के साथ इसी प्रकार कमर में फेंटा लगाए राधारानी तथा उनकी सखियों से होली खेलने पहुंच जाते थे तथा उनके साथ हंसी-ठिठोली करते थे जिस पर राधारानी तथा उनकी सखियां ग्वाल वालों पर डंडे बरसाया करती थीं। ऐसे में लाठी-डंडों की मार से बचने के लिए ग्वाल ढ़ालों का प्रयोग किया करते थे जो धीरे-धीरे होली की परंपरा बन गया और तभी से यहां पर लट्ठमार होली खेलने की परंपरा बन गयी. 

प्रेम का प्रतीक है लट्ठमार होली

जानिए क्या है लट्ठमार होली के पीछे का सच?, क्यों इस मौके पर महिलाएं पुरुषों के ऊपर बरसाती है लाठी — Nedrick News

वहीं इसके बाद से ही होली के मौके पर इस दिन महिलाएं पुरुषों के ऊपर लाठी बरसाती है और खुशी से इस रस्म को निभाती है. इस लट्ठमार होली को राधा-कृष्ण के प्रेम का प्रतीक माना जाने वाला ये पर्व दुनियाभर में मशहूर है और इस लट्ठमार होली को देखने के लिए देश-विदेश से लोग मथुरा,बरसाना पहुंचते हैं.

अब ऐसे मनाई जाती है मथुरा में लट्ठमार होली

वहीं श्री कृष्ण के समय से शुरू हुई ये परंपरा के अनुसार, बरसाना में नाचते झूमते लोग गांव में पहुंचते हैं तो औरतें हाथ में ली हुई लाठियों से उन्हें पीटना शुरू कर देती हैं और पुरुष खुद को बचाते भागते हैं। लेकिन खास बात यह है कि यह सब मारना पीटना हंसी खुशी के वातावरण होता है।

vickynedrick@gmail.com

vickynedrick@gmail.com https://nedricknews.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Editor's Picks

Latest News

©2026- All Right Reserved. Manage By Marketing Sheds