UP Congress ticket controversy: उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच कांग्रेस के भीतर एक वायरल ई-मेल ने सियासी घमासान मचा दिया है। प्रदेश कांग्रेस प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम के दफ्तर से जुड़े लोगों पर टिकट दिलाने के नाम पर दावेदारों से मोटी रकम वसूलने के गंभीर आरोप लगाए गए हैं। मामला गरमाने के बाद बुधवार को खुद राजेंद्र पाल गौतम सामने आए और इन सभी दावों को सिरे से खारिज करते हुए इसे पार्टी और उनकी छवि खराब करने की सोची-समझी साजिश करार दिया।
क्या है वायरल ई-मेल का पूरा मामला? UP Congress ticket controversy
दरअसल, ‘राव साहब’ नाम की एक ई-मेल आईडी से पार्टी के शीर्ष नेतृत्व को भेजी गई कथित शिकायत सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है। इस ई-मेल में दावा किया गया है कि प्रभारी कार्यालय से जुड़े दो लोग खुद को गौतम का पीए और रिश्तेदार बताकर पिछले करीब तीन महीनों से पूरे राज्य में वसूली का नेटवर्क चला रहे हैं। इसमें उनके भीम मिशन से जुड़े दो अन्य लोगों के नामों का भी हवाला दिया गया है और आरोप लगाया गया है कि पैसों का यह कथित लेन-देन यूपीआई के जरिए किया जा रहा है।
ई-मेल में उतरौला के एक ‘खान’ उपनाम वाले शख्स का जिक्र करते हुए दावा किया गया कि उसने विधानसभा टिकट के लिए 50 लाख रुपये एडवांस दिए हैं और टिकट पक्का होने पर 2 करोड़ रुपये और देने की बात तय हुई है। हालांकि, पार्टी स्तर पर इस पूरे ई-मेल और इसमें किए गए दावों की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
‘कांग्रेस में पैसे लेकर टिकट नहीं मिलता’: गौतम की दो-टूक
इन आरोपों पर सफाई देते हुए राजेंद्र पाल गौतम ने कार्यकर्ताओं और टिकट की उम्मीद लगाए दावेदारों को साफ तौर पर सावधान किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी में किसी पद या टिकट के बदले पैसे लेने की कोई परंपरा नहीं है। पार्टी केवल उन नेताओं को मैदान में उतारेगी जिनकी जमीन पर मजबूत पकड़ है और जो चुनाव जीतने का माद्दा रखते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि टिकट बंटवारे का पैमाना सिर्फ जमीनी कार्यकर्ताओं की मेहनत और पार्टी का अंदरूनी सर्वे होगा।
गौतम ने पुराना वाकया याद दिलाते हुए कहा कि पहले भी कुछ जालसाजों ने एआईसीसी का नाम लेकर दावेदारों को फोन किए थे और टिकट तय बताते हुए एक खाते में 76 हजार रुपये जमा कराने या बारकोड भेजने की बात कही थी। उन्होंने आशंका जताई कि चुनावी सरगर्मियों के बीच आगे भी कोई उनके या उनके स्टाफ के नाम का गलत इस्तेमाल कर लोगों को ठगने की कोशिश कर सकता है।
‘अगर कोई पैसा मांगे तो सीधे थाने में कराएं FIR’
प्रदेश प्रभारी ने साफ संदेश दिया कि अगर कोई भी व्यक्ति टिकट या संगठन में पद दिलाने के नाम पर एक रुपया भी मांगता है, तो उसे सीधे तौर पर ठगी माना जाए। उन्होंने अपील की कि ऐसे किसी भी कॉल या झांसे में आने के बजाय तुरंत संबंधित थाने में नामजद शिकायत दर्ज कराएं, जिस नंबर से कॉल आया है उसे भी पुलिस को दें और पार्टी नेतृत्व को भी इसकी जानकारी दें। उन्होंने जोर देकर कहा कि भ्रष्टाचार करने वाले किसी भी शख्स को बख्शा नहीं जाएगा।
‘यूपी में कांग्रेस मजबूत हो रही, इसलिए लगाए जा रहे झूठे आरोप’
गौतम ने कहा कि हाल ही में 1 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ रैली में उत्तर प्रदेश से एक लाख से ज्यादा लोग शामिल हुए थे। उन्होंने कहा कि सूबे में पार्टी जितनी तेजी से पैर पसारेगी, विरोधियों द्वारा ऐसे मनगढ़ंत आरोप भी उतने ही बढ़ेंगे। आने वाले समय में जब गठबंधन के तहत सीट शेयरिंग पर बातचीत आगे बढ़ेगी, तो इस तरह के हमले और तेज हो सकते हैं।
उन्होंने दोहराया कि उनका एकमात्र लक्ष्य 2027 में उत्तर प्रदेश में गठबंधन की सरकार बनाना और 2029 में राहुल गांधी को देश का प्रधानमंत्री बनाना है। गौतम ने कहा कि उनके लिए पद या कुर्सी कोई मायने नहीं रखती, वे सिर्फ महापुरुषों के मिशन और कांग्रेस को उसके पुराने गौरवशाली दौर में लौटाने के लिए दिन-रात मेहनत करते रहेंगे।










































