PM Modi Vijay Meeting: तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने बुधवार को नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। विधानसभा चुनाव के बाद इस महीने की शुरुआत में मुख्यमंत्री पद संभालने के बाद विजय की प्रधानमंत्री मोदी के साथ यह पहली औपचारिक बैठक थी। दोनों नेताओं के बीच यह मुलाकात प्रधानमंत्री कार्यालय ‘सेवा तीर्थ’ में हुई और करीब 20 मिनट तक चली।
प्रधानमंत्री कार्यालय ने भी इस बैठक की जानकारी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर साझा की। पोस्ट में कहा गया कि तमिलनाडु के मुख्यमंत्री विजय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। इस दौरान दोनों नेताओं के बीच राज्य और केंद्र से जुड़े कई अहम मुद्दों पर चर्चा हुई।
प्राचीन तांबे की प्लेटें वापस लाने पर जताया आभार| PM Modi Vijay Meeting
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री विजय ने हाल ही में हॉलैंड से तमिलनाडु की प्राचीन तांबे की प्लेटों को वापस लाने के लिए प्रधानमंत्री मोदी का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि यह तमिल संस्कृति और विरासत से जुड़ा बेहद महत्वपूर्ण कदम है। विजय ने इसे राज्य के लोगों की भावनाओं से जुड़ा विषय बताते हुए केंद्र सरकार की पहल की सराहना की।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि विजय ने अपनी पहली मुलाकात में सांस्कृतिक पहचान और तमिल गौरव से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता देकर साफ संकेत दिया है कि उनकी सरकार राज्य की भावनाओं को केंद्र में रखकर काम करना चाहती है।
सरकारी कार्यक्रमों में राज्य गान बजाने की मांग
मुख्यमंत्री विजय ने प्रधानमंत्री मोदी के सामने एक अहम मांग भी रखी। उन्होंने सरकारी कार्यक्रमों की शुरुआत में तमिलनाडु के राज्य गान को बजाने की अनुमति देने की अपील की। दरअसल, केंद्रीय गृह मंत्रालय ने इसी साल जनवरी में एक आदेश जारी किया था, जिसमें कहा गया था कि यदि राष्ट्रीय गीत और राष्ट्रगान दोनों एक साथ प्रस्तुत किए जाएं, तो ‘वंदे मातरम’ के सभी छह छंद पहले गाए जाएं।
तमिलनाडु सरकार का मानना है कि राज्य के सांस्कृतिक और भाषाई सम्मान को देखते हुए सरकारी कार्यक्रमों में राज्य गान को भी उचित स्थान मिलना चाहिए। विजय ने इसी मुद्दे को प्रधानमंत्री के सामने विस्तार से रखा।
श्रीलंका में गिरफ्तार मछुआरों का मुद्दा भी उठाया
बैठक में तमिलनाडु के मछुआरों का मुद्दा भी प्रमुखता से उठा। मुख्यमंत्री विजय ने श्रीलंकाई नौसेना द्वारा तमिलनाडु के मछुआरों की गिरफ्तारी और कथित उत्पीड़न की बढ़ती घटनाओं पर गहरी चिंता जताई। उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी को बताया कि सिर्फ वर्ष 2026 में अब तक ऐसी 12 घटनाएं सामने आ चुकी हैं। वर्तमान में 58 भारतीय मछुआरे श्रीलंका की हिरासत में हैं, जबकि 266 मछली पकड़ने वाली नावें जब्त की जा चुकी हैं।
विजय ने प्रधानमंत्री से आग्रह किया कि केंद्र सरकार इस मामले को गंभीरता से उठाए और श्रीलंका सरकार से बातचीत कर मछुआरों और उनकी नावों की जल्द रिहाई सुनिश्चित करे। तमिलनाडु में यह मुद्दा लंबे समय से राजनीतिक और मानवीय चिंता का विषय बना हुआ है।
राजनीतिक तौर पर भी अहम मानी जा रही मुलाकात
पीएम मोदी और मुख्यमंत्री विजय की यह बैठक ऐसे समय हुई है जब केंद्र की भाजपा सरकार और तमिलनाडु के नए नेतृत्व के बीच राजनीतिक समीकरणों को लेकर चर्चा तेज है। विजय के मुख्यमंत्री बनने के बाद यह पहली हाई-प्रोफाइल राजनीतिक मुलाकात मानी जा रही है।
दिल्ली दौरे के दौरान विजय की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु, उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और कांग्रेस नेताओं सोनिया गांधी व राहुल गांधी से भी मुलाकात का कार्यक्रम है।




























