Kerala Election 2021: केरल में पैर जमाने की कोशिशों में बीजेपी, जानें क्या है सीटों का गणित?

vickynedrick@gmail.com | Nedrick News Published: 22 मार्च 2021, 05:30 AM Updated: 22 मार्च 2021, 05:30 AM
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केरल में आगामी कुछ ही दिनों में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। जिसे लेकर राजनीतिक पार्टियां अपनी तैयारियों को अंतिम स्वरुप देने में लगी है। केरल में अभी तक बीजेपी या कांग्रेस कभी भी पूर्ण बहुमत की सरकार नहीं बना पाई है। देश की ये दोनों बड़ी पार्टियां केरल में क्षेत्रीय पार्टियों के नेतृत्व में सरकार में हिस्सा ले पाती है। 

इस चुनाव में सत्ताधारी लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट (LDF) और कांग्रेस के नेतृत्व वाली यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (UDF) में कड़ी टक्कर मानी जा रही है। बीजेपी भी इस चुनाव में प्रदेश में कुछ सीटें निकालने की कोशिशों में लगी है। इसी बीच बीजेपी सांसद मीनाक्षी लेखी (Meenakshi Lekhi) ने केरल की पिनराई विजयन सरकार को कई मुद्दों पर निशाने पर लिया है और साथ ही राहलु गांधी पर भी जोरदार हमला बोला है।

एक सिक्के के दो पहलू हैं LDF और UDF

बीते दिन रविवार को मीनाक्षी लेखी (Meenakshi Lekhi) ने कहा, ‘LDF और UDF एक ही सिक्के के दो पहलू हैं और उनका नया नाम LUDF है। जब वे सत्ता में थे तब भ्रष्टाचार के मामलों में कोई कार्रवाई नहीं की गई और उन्होंने एक-दूसरे के खिलाफ भी मामलों को दबा दिया। चाहे वह भ्रष्टाचार हो या तस्करी, सेक्स रैकेट हो और खराब शासन का मुद्दा, चीजें समान हैं और इसमें कोई बदलाव नहीं हुआ है और वे धोखे के खेल में विश्वास करते हैं।’ 

बीजेपी सांसद ने कहा, ‘जब कम्युनिस्ट और कांग्रेस कोयंबटूर में होते हैं, तो वे एक साथ चुनाव लड़ते हैं लेकिन पलक्कड़ में वे एक-दूसरे के खिलाफ लड़ते हैं। कन्याकुमारी में वे एक साथ लड़ते हैं लेकिन कोच्चि में वे एक-दूसरे के खिलाफ लड़ रहे हैं। यही वजह है कि लोगों को ये एहसास हुआ है कि वे हर समय लोगों को बेवकूफ नहीं बना सकते।’

केरल में आदिवासियों की स्थिति दयनीय

केरल में आदिवासियों की स्थिति को लेकर उन्होंने लेफ्ट सरकार पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने कहा, ‘मैं रानी विधानसभा क्षेत्र के अट्टथोडु में आदिवासियों से मिली। ये लोग सबरीमाला (Sabarimala) के जंगल में रह रहे हैं। हर साल वामपंथी सरकार को मंदिर से 250 करोड़ रुपये मिलते हैं लेकिन उन आदिवासियों की स्थिति दयनीय है क्योंकि उनके पास न तो घर है न पानी है न सफाई है न सड़क और न ही कोई स्कूल है।

बीजेपी सांसद ने आगे कहा ‘पिनराई विजयन आखिरी कम्युनिस्ट मुख्यमंत्री हैं, जिस तरह पश्चिम बंगाल और त्रिपुरा में वामपंथियों का सफाया हो गया, उसी तरह वह भी यहां हारने जा रहे हैं और अब हम निश्चित रूप से एक बदलाव देखेंगे।’

कांग्रेस पर बोला हमला

मीनाक्षी लेखी ने कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और केरल के वायनाड़ से सांसद राहुल गांधी को निशाने पर लिया। उन्होंने कहा, ‘राहुल गांधी केरल में केवल मनोरंजन के लिए आते हैं। समुद्र में कूदते हैं और चारों ओर तैरते हैं लेकिन उन्हें इस बात का एहसास नहीं होता कि वायवाड में लोग पीड़ित हैं। एक आदिवासी व्यक्ति की भूख से मौत हो गई और एक अन्य व्यक्ति को रोटी चुराने के लिए मार दिया गया, यही स्थिति है। पिछड़े समुदाय की हालत वास्तव में दयनीय है।‘

जानें पिछले चुनाव में क्या थी स्थिति?

बता दें, 140 विधानसभा सीटों वाले केरल में 6 मार्च को एक ही चरण में चुनाव होने वाला है। चुनाव के नतीजे 2 मई को घोषित किए जाएंगे। राजनीतिक पार्टियां अपनी तैयारियों को अंतिम स्वरुप दे रही है। केरल विधानसभा चुनाव 2016 में LDF के अंतर्गत आने वाली कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (मार्क्सनसिस्टए) ने सबसे ज्यादा 58 सीटों पर जीत हासिल की थी। 

जिसके बाद पिनराई विजयन के नेतृत्व में सरकार बनी थी। तब कांग्रेस पार्टी को 22 सीटें, कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया को 19 और इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग को 18 सीटों पर जीत हासिल हुई थी। बीजेपी को मात्र 1 सीट पर जीत मिली थी। साथ ही अन्य क्षेत्रीय पार्टियों ने भी गिने-चुने सीटों पर जीत हासिल की थी। 

दूसरी ओर पिनराई विजयन के नेतृत्व में LDF एक बार फिर से प्रदेश में सरकार बनाने की कोशिशों में लगी है। तो वहीं, सत्ताधारी पार्टी को कांग्रेस के नेतृत्व वाले UDF से कड़ी टक्कर मिलती दिख रही है।

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