हाईकोर्ट के आदेश से बढ़ी Rahul Gandhi की मुश्किलें: आय से अधिक संपत्ति मामले में CBI-ED को जांच के निर्देश

Nandani | Nedrick News Ghaziabad Published: 15 May 2026, 03:02 PM | Updated: 15 May 2026, 03:02 PM

Rahul Gandhi News: कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की मुश्किलें आने वाले समय में बढ़ सकती हैं। इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने उनके खिलाफ कथित ‘आय से अधिक संपत्ति’ मामले में बड़ा कदम उठाते हुए केंद्रीय जांच एजेंसियों को जांच करने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने CBI और प्रवर्तन निदेशालय (ED) को कहा है कि वे शिकायत की जांच करें और कानून के तहत जरूरी कार्रवाई शुरू करें।

इसके साथ ही कोर्ट ने सख्त रुख अपनाते हुए दोनों एजेंसियों से 20 जुलाई तक प्रगति रिपोर्ट भी पेश करने को कहा है।

और पढ़ें: दिल्ली शराब नीति केस में बड़ा मोड़: जस्टिस शर्मा ने छोड़ी सुनवाई…  केजरीवाल बोले– सत्य की जीत हुई| Delhi Liquor scam

बीजेपी कार्यकर्ता की याचिका पर शुरू हुआ मामला| Rahul Gandhi News

यह पूरा मामला कर्नाटक के बीजेपी कार्यकर्ता एस. विग्नेश शिशिर की ओर से दाखिल एक आपराधिक रिट याचिका से जुड़ा है। इस याचिका पर सुनवाई इलाहाबाद हाईकोर्ट की खंडपीठ, जिसमें न्यायमूर्ति राजेश सिंह चौहान और न्यायमूर्ति जफीर अहमद शामिल हैं, ने की। मामले की सुनवाई 12 मई को कोर्ट के चैंबर में गोपनीय रूप से हुई थी और बाद में आदेश को गुरुवार को आधिकारिक रूप से जारी किया गया।

याचिकाकर्ता ने राहुल गांधी पर गंभीर आरोप लगाते हुए उनकी संपत्ति और विदेश यात्राओं की विस्तृत जांच की मांग की थी। कोर्ट ने याचिका को स्वीकार करते हुए केंद्र सरकार के कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग, वित्त मंत्रालय के राजस्व विभाग और कॉरपोरेट कार्य मंत्रालय को भी इस मामले में पक्षकार बनाया है।

54 विदेश यात्राओं और 60 करोड़ खर्च का दावा

याचिकाकर्ता एस. विग्नेश शिशिर ने दावा किया है कि राहुल गांधी ने अपनी घोषित आय के मुकाबले कहीं अधिक संपत्ति अर्जित की है। याचिका में सबसे अहम आरोप उनके विदेश दौरों को लेकर लगाया गया है। दावे के मुताबिक, पिछले 22 सालों में राहुल गांधी ने 54 विदेश यात्राएं की हैं, जिन पर लगभग 60 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। याचिकाकर्ता का कहना है कि यह खर्च उनकी घोषित आय से मेल नहीं खाता।

गौरतलब है कि 2024 लोकसभा चुनाव के दौरान दाखिल हलफनामे में राहुल गांधी ने अपनी कुल चल और अचल संपत्ति लगभग 20.39 करोड़ रुपये घोषित की थी।

जांच एजेंसियों को 8 हफ्ते का समय

हाईकोर्ट ने साफ निर्देश दिया है कि अगर CBI, ED या अन्य एजेंसियों को शिकायत प्राप्त हुई है तो वे उसे कानून के तहत सत्यापित करें और जरूरी कदम उठाएं। कोर्ट ने केवल CBI और ED ही नहीं, बल्कि SFIO, प्रशिक्षण विभाग और वित्त मंत्रालय को भी 8 हफ्ते के भीतर अपना जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है। CBI ने अदालत को बताया कि उन्हें शिकायत मिल चुकी है और वे तय समय में जवाब दाखिल करेंगे। वहीं ED ने भी स्वीकार किया कि शिकायत की जांच जारी है और जल्द ही स्थिति स्पष्ट की जाएगी।

दस्तावेज ‘सील बंद लिफाफे’ में सुरक्षित रखने के निर्देश

मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए हाईकोर्ट ने अहम निर्देश जारी किया है। कोर्ट ने कहा है कि याचिकाकर्ता द्वारा प्रस्तुत सभी दस्तावेज, सबूत और पेपर बुक को सील बंद लिफाफे में सुरक्षित रखा जाए। इन दस्तावेजों को अगली सुनवाई के दौरान सीधे याचिकाकर्ता की मौजूदगी में खोला जाएगा, ताकि पारदर्शिता बनी रहे।

अगली सुनवाई 20 जुलाई को

कोर्ट में राहुल गांधी की ओर से याचिका की कानूनी वैधता (maintainability) पर सवाल उठाए गए थे। हालांकि, अदालत ने कहा कि इस पर अंतिम विचार सभी पक्षों के जवाब और हलफनामे आने के बाद किया जाएगा। अब इस हाई-प्रोफाइल मामले की अगली सुनवाई 20 जुलाई को होगी, जब CBI और ED दोनों अपनी प्रोग्रेस रिपोर्ट कोर्ट के सामने पेश करेंगी।

इस फैसले के बाद यह मामला एक बार फिर राजनीतिक और कानूनी हलकों में चर्चा का बड़ा विषय बन गया है।

और पढ़ें: जमीन कब्जाने से लेकर वसूली तक… ममता के करीबी DCP शांतनु बिस्वास पर ED का बड़ा वार| West Bengal News

Nandani

nandani@nedricknews.com

नंदनी एक अनुभवी कंटेंट राइटर और करंट अफेयर्स जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में चार वर्षों का सक्रिय अनुभव है। उन्होंने चितकारा यूनिवर्सिटी से जर्नलिज़्म और मास कम्युनिकेशन में मास्टर डिग्री प्राप्त की है। अपने करियर की शुरुआत उन्होंने न्यूज़ एंकर के रूप में की, जहां स्क्रिप्ट लेखन के दौरान कंटेंट राइटिंग और स्टोरीटेलिंग में उनकी विशेष रुचि विकसित हुई। वर्तमान में वह नेड्रिक न्यूज़ से जुड़ी हैं और राजनीति, क्राइम तथा राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय खबरों पर मज़बूत पकड़ रखती हैं। इसके साथ ही उन्हें बॉलीवुड-हॉलीवुड और लाइफस्टाइल विषयों पर भी व्यापक अनुभव है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Recent News

Trending News

Editor's Picks

Latest News

©2026- All Right Reserved. Manage By Marketing Sheds