Pink Card: राजधानी दिल्ली में महिलाओं और ट्रांसजेंडर समुदाय के लिए एक बड़ी सुविधा शुरू होने जा रही है। 2 मार्च 2026 से दिल्ली सरकार ‘पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड’ जारी करेगी। यह कार्ड सिर्फ मुफ्त बस यात्रा तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि बैंकिंग और शॉपिंग जैसे कामों में भी इस्तेमाल किया जा सकेगा। इस योजना की औपचारिक घोषणा 2 नवंबर 2025 को की गई थी। सरकार का कहना है कि इसका मकसद राजधानी की पब्लिक ट्रांसपोर्ट व्यवस्था को ज्यादा सुरक्षित, पारदर्शी और आधुनिक बनाना है।
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क्या है ‘पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड’?
यह एक खास डिजिटल पास है, जिसे 12 साल से अधिक उम्र की सभी महिलाओं और ट्रांसजेंडर व्यक्तियों के लिए तैयार किया गया है। इसके जरिए वे Delhi Transport Corporation (DTC) और क्लस्टर बसों में मुफ्त यात्रा कर सकेंगी।
दिल्ली सरकार ने महिलाओं और ट्रांसजेंडर्स के लिए ‘पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड’ की शुरुआत की है।
अब 12 वर्ष से अधिक आयु की बेटियां, बहनें और माताएं डीटीसी और क्लस्टर बसों में निःशुल्क और सहज यात्रा कर सकेंगी।
यह पहल दिल्ली में महिलाओं के लिए यात्रा को आसान बनाने, सार्वजनिक परिवहन के… pic.twitter.com/CdJQAvCr6O
— Rekha Gupta (@gupta_rekha) November 2, 2025
कार्ड की खास बात यह है कि यह सिर्फ बसों तक सीमित नहीं रहेगा। नेशनल कॉमन मोबिलिटी कार्ड (NCMC) आधारित यह स्मार्ट कार्ड मेट्रो और नमो भारत ट्रेन में भी काम करेगा। इसके अलावा एटीएम से पैसे निकालने और ऑनलाइन शॉपिंग जैसी सुविधाएं भी इससे जुड़ी होंगी।
तीन तरह के स्मार्ट कार्ड| Pink Card
डीटीसी अधिकारियों के मुताबिक इस योजना के तहत तीन प्रकार के कार्ड जारी होंगे:
- महिलाओं के लिए पिंक कार्ड
- पुरुष यात्रियों के लिए ब्लू कार्ड
- दिव्यांगजन, वरिष्ठ नागरिक और रियायती श्रेणी के यात्रियों के लिए ऑरेंज कार्ड
महिलाओं को मिलने वाला शून्य-केवाईसी पिंक कार्ड पूरी तरह मुफ्त होगा। वहीं 100 प्रतिशत केवाईसी वाले पिंक, ब्लू और ऑरेंज कार्ड मल्टी-परपज इस्तेमाल के लिए उपलब्ध होंगे।
50 स्थानों पर बनेंगे कार्ड
उद्घाटन के बाद राजधानी में करीब 50 जगहों पर कार्ड बनाने के काउंटर लगाए जाएंगे। ये बूथ एसडीएम दफ्तरों, बस डिपो, बस स्टैंड और चुनिंदा बैंकों में खुलेंगे। कार्ड जारी करने का टेंडर मफिनपे और एयरटेल पेमेंट बैंक को दिया गया है।
पहले इसका लॉन्च 19 फरवरी को प्रस्तावित था, लेकिन इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 और 22 फरवरी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मेरठ दौरे के कारण इसे टाल दिया गया। अब 2 मार्च को औपचारिक शुरुआत होगी और इस मौके पर केंद्रीय गृह मंत्री के शामिल होने की संभावना है।
ऐसे करें ऑनलाइन आवेदन
कार्ड बनवाने के लिए आवेदक को DTC पोर्टल पर जाकर “Saheli Smart Card” लिंक पर क्लिक करना होगा।
- नाम, जन्मतिथि, मोबाइल नंबर और पता भरना होगा।
- आधार कार्ड सहित जरूरी दस्तावेजों की स्कैन कॉपी अपलोड करनी होगी।
- कुछ मामलों में बैंक के जरिए केवाईसी सत्यापन करना पड़ सकता है।
- सत्यापन के बाद पर्सनलाइज्ड कार्ड डाक से घर पहुंचाया जाएगा।
जरूरी दस्तावेजों में आधार कार्ड (दिल्ली निवासी सत्यापन के लिए अनिवार्य), वोटर आईडी या राशन कार्ड, पासपोर्ट साइज फोटो और वैध मोबाइल नंबर शामिल हैं।
डिजिटल सिस्टम से खत्म होगी झंझट
डीटीसी अधिकारियों का कहना है कि इस नई डिजिटल व्यवस्था से खुले पैसों की समस्या और लंबी कतारों से राहत मिलेगी। यात्री बस में चढ़ते ही कार्ड टैप करेंगे और टिकट का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार हो जाएगा। नियमों के उल्लंघन पर 200 रुपये तक का जुर्माना भी लगाया जा सकेगा।
दिल्ली में रोजाना करीब 40 लाख लोग बसों से सफर करते हैं। ऐसे में सरकार को उम्मीद है कि यह कदम न सिर्फ महिलाओं के लिए सुरक्षित और सम्मानजनक यात्रा सुनिश्चित करेगा, बल्कि पूरी परिवहन व्यवस्था को ज्यादा पारदर्शी और व्यवस्थित बनाएगा। डिजिटल कार्ड सिस्टम से फ्री यात्रा योजना का सही लाभ भी सुनिश्चित किया जा सकेगा।
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