Anant Singh Bihar Assembly Oath: बिहार की राजनीति में एक बार फिर बाहुबली नेता अनंत सिंह सुर्खियों में हैं। मोकामा से नवनिर्वाचित जदयू विधायक अनंत सिंह ने मंगलवार, 3 फरवरी को बिहार विधानसभा में विधायक पद की शपथ ली। खास बात यह रही कि शपथ ग्रहण के लिए उन्हें कड़ी सुरक्षा के बीच पटना के बेऊर जेल से एंबुलेंस के जरिए विधानसभा लाया गया। सूट पहने अनंत सिंह जब सदन पहुंचे, तो हर किसी की नजर उन पर टिकी रही।
अनंत सिंह फिलहाल दुलारचंद यादव हत्याकांड में न्यायिक हिरासत में हैं और बेऊर जेल में बंद हैं। विधानसभा चुनाव जीतने के बाद भी वह अब तक शपथ नहीं ले पाए थे। पटना सिविल कोर्ट से अनुमति मिलने के बाद उनके शपथ ग्रहण का रास्ता साफ हुआ।
सुरक्षा के सख्त इंतजाम (Anant Singh Bihar Assembly Oath)
शपथ ग्रहण के दिन बिहार विधानसभा परिसर और उसके आसपास भारी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा। प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में दिखा। अनंत सिंह को सीधे एंबुलेंस से विधानसभा लाया गया और हर गतिविधि पर नजर रखी गई। कोर्ट की अनुमति के मुताबिक, उन्हें सिर्फ शपथ लेने की इजाजत थी, किसी अन्य गतिविधि में शामिल होने की नहीं।
सीएम नीतीश से मुलाकात, पैर छूकर लिया आशीर्वाद
अनंत सिंह ने बिना शपथ पत्र पढ़े विधायक पद की शपथ ली। इसके बाद वह सीधे मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पास पहुंचे और उनके पैर छूकर आशीर्वाद लिया। मुख्यमंत्री ने उनके माथे पर लगे तिलक के बारे में भी पूछा। कुछ पल की बातचीत के बाद अनंत सिंह अपनी निर्धारित सीट पर जाकर बैठ गए। शपथ ग्रहण के बाद उन्हें वापस बेऊर जेल ले जाया गया।
जेल में रहते हुए भी जीता चुनाव
‘छोटे सरकार’ के नाम से मशहूर अनंत सिंह पांच बार विधायक रह चुके हैं। अपको बता दें, दुलारचंद यादव की हत्या 2025 के विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान हुई थी। इसी मामले में 2 नवंबर को पुलिस ने उन्हें उनके आवास से गिरफ्तार किया था। इसके बावजूद अनंत सिंह ने जेल से ही जदयू के टिकट पर मोकामा सीट से चुनाव लड़ा और बड़ी जीत दर्ज की।
उन्होंने जमानत के लिए याचिका भी दायर की थी, लेकिन कोर्ट ने फिलहाल राहत देने से इनकार कर दिया है। कोर्ट ने साफ कहा कि उन्हें केवल शपथ ग्रहण के लिए ही विधानसभा आने की अनुमति दी गई है।
“मैं निर्दोष हूं, न्याय मिलेगा”
विधानसभा से बाहर निकलते समय अनंत सिंह ने मीडिया से बातचीत में कहा कि उन्हें न्याय की पूरी उम्मीद है। उन्होंने कहा, “जांच चल रही है, मुझे 100 प्रतिशत भरोसा है कि मुझे न्याय मिलेगा।” विपक्ष पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि अब विपक्ष बोलने की स्थिति में नहीं है। तेजस्वी यादव को लेकर भी उन्होंने टिप्पणी की और कहा कि उन्हें अब किसी और पार्टी से टिकट लेकर चुनाव लड़ना होगा।
नीट छात्रा रेप-हत्या मामले पर पूछे गए सवाल को अनंत सिंह ने टाल दिया। वहीं, शपथ लेने में हुई देरी पर उन्होंने कहा कि तबीयत ठीक नहीं होने की वजह से इसमें समय लगा। मोकामा की जनता से मिलने के सवाल पर उनका जवाब था कि यह सब जज साहब की मर्जी पर निर्भर है और उन्होंने बेल के लिए आवेदन कर रखा है।
मोकामा सीट का चुनावी गणित
2025 के विधानसभा चुनाव में मोकामा सीट पर मुकाबला काफी दिलचस्प रहा। जदयू ने अनंत सिंह को उम्मीदवार बनाया था, जबकि राजद ने बाहुबली नेता सूरजभान सिंह की पत्नी वीणा देवी को मैदान में उतारा। चुनाव में अनंत सिंह को 91,416 वोट मिले, वहीं वीणा देवी को 63,210 वोट हासिल हुए। इस तरह अनंत सिंह ने 28,206 वोटों के बड़े अंतर से जीत दर्ज की। तीसरे स्थान पर जन सुराज पार्टी के प्रियदर्शी पियुष रहे, जिन्हें 19,365 वोट मिले।
