19 साल की युवती संग कांग्रेस नेता का कथित आपत्तिजनक वीडियो वायरल, पार्टी ने किया बर्खास्त, पहले भी हो चुका है ऐसा कांड

vickynedrick@gmail.com | Nedrick News Published: 04 Nov 2024, 12:00 AM | Updated: 04 Nov 2024, 12:00 AM

Abhishek Manu Singhvi viral MMS: यूपी कांग्रेस के एक नेता का कथित अश्लील वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है (UP Congress Leader MMS scandal)। वायरल वीडियो उत्तर प्रदेश के बागपत में कांग्रेस के जिला अध्यक्ष रहे यूनुस चौधरी का है(Baghpat Congress leader Yunus Chaudhary MMS)। एमएमएस सार्वजनिक करने के आरोप में उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। इस घटना को लेकर विपक्षी दलों ने कांग्रेस पर निशाना साधा है। वीडियो सार्वजनिक होने के बाद कांग्रेस ने चौधरी को बागपत जिला अध्यक्ष पद से हटा दिया है। हालांकि, यह पहला मामला नहीं है जब किसी कांग्रेस नेता का एमएमएस वायरल हुआ हो। इससे पहले 2012 में अभिषेक मून सिंघवी सीडी कांड और 2009 में नारायण दत्त तिवारी कांड भी सुर्खियों में रहा था।

और पढ़ें: लालू यादव का शासन: भारत रत्न की मांग से पहले जानें उनके कार्यकाल के विवाद और घोटाले

यूनुस चौधरी पर होगी कारवाई

बड़ौत थाने के प्रभारी निरीक्षक (एसएचओ) मनोज चहल ने बताया कि 19 वर्षीय पीड़िता की मां की शिकायत के आधार पर यूनुस चौधरी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 75 (1) (यौन उत्पीड़न और महिला की गरिमा को ठेस पहुंचाना) और 79 (महिला की निजता में दखलंदाजी) के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है और घटना की जांच की जा रही है। एसएचओ ने कहा, “सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो की भी जांच की जा रही है। जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।”

Baghpat Congress leader Yunus Chaudhary MMS
Source: Google

दूसरी ओर, सोशल मीडिया पर जारी बयान में यूनुस चौधरी ने इस घटना को अपने राजनीतिक विरोधियों की साजिश बताया है। उनका कहना है कि उन्हें बदनाम करने के लिए उनके विरोधियों ने वीडियो को एडिट करके वायरल किया है।

अभिषेक मुन सिंघवी का CD कांड(अप्रैल 2012) Abhishek Manu Singhvi viral MMS

देश के मशहूर वकील लक्ष्मीमल सिंघवी के बेटे और कांग्रेस प्रवक्ता और सांसद अभिषेक मनु सिंघवी का एक आपत्तिजनक वीडियो भी वायरल हुआ था। वे 2012 में एक विवाद में फंस गए थे। दरअसल, मनु पर एक महिला वकील के साथ शारीरिक संबंध बनाने का आरोप लगा था। उन पर आरोप था कि एक वीडियो में वे एक महिला के साथ आपत्तिजनक स्थिति में नजर आ रहे हैं। सिंघवी ने इन आरोपों को बेबुनियाद बताया और कहा कि यह वीडियो फर्जी है और उनकी छवि खराब करने के इरादे से बनाया गया है। इस विवाद के बाद सिंघवी ने कांग्रेस पार्टी के प्रवक्ता पद से इस्तीफा दे दिया था। वे लंबे समय तक पार्टी से भी दूर रहे।

नारायण दत्त तिवारी कांड (दिसंबर 2009) – Narayan Dutt Tiwari viral MMS

नारायण दत्त तिवारी के केस से कौन अनजान है? वे एक मजबूत कांग्रेसी थे और प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार थे, लेकिन चुनाव हार गए। उन्हें उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाया गया। उत्तराखंड का मुख्यमंत्री बनने के बावजूद उनके रंगनी मिजाजी ने उनके करियर को नुकसान पहुंचाया। दिसंबर 2009 में जब उनकी सीडी सामने आई, तब वे आंध्र प्रदेश के राज्यपाल थे। विरोध के कारण पार्टी को उन्हें पार्टी से निकालना पड़ा। तब पूर्व केंद्रीय मंत्री शेर सिंह की बेटी ने दावा किया था कि नारायण दत्त तिवारी उनके बेटे रोहित शेखर के पिता हैं। मेडिकल जांच में यह बात सही साबित हुई।

और पढ़ें: Champa Vishwas Rape Case: बिहार में 90 का वो काला दशक! सत्ता, शासन और यौन शोषण के आरोप की धुंधली दास्तां

vickynedrick@gmail.com

vickynedrick@gmail.com https://nedricknews.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Editor's Picks

Latest News

©2026- All Right Reserved. Manage By Marketing Sheds