Israel-Iran War: ईरान में हालात इन दिनों बेहद तनावपूर्ण और भावनात्मक बने हुए हैं। अमेरिका और इजरायल के हमलों के बाद जहां कई इलाकों में तबाही का मंजर देखने को मिल रहा है, वहीं दूसरी तरफ देश के सुप्रीम लीडर Ali Khamenei की मौत के बाद कुछ लोगों के बीच जश्न का माहौल भी दिखाई दे रहा है। खासकर विदेशों में रह रहे कई ईरानी नागरिकों और कलाकारों ने इसे एक बड़े बदलाव की शुरुआत बताया है।
ईरानी मूल की दो चर्चित एक्ट्रेसेस Mandana Karimi और Elnaaz Norouzi भी इस मुद्दे पर खुलकर सामने आई हैं। दोनों कई सालों से भारत में रह रही हैं और उन्होंने ईरान के हालात को लेकर अपनी भावनाएं साझा की हैं।
“ईरानी शासन मिडल ईस्ट में कैंसर की तरह फैल गया” (Israel-Iran War)
मंदाना करीमी ने हाल ही में एक इंटरव्यू में ईरान की मौजूदा सत्ता व्यवस्था पर कड़ी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि यह शासन मिडल ईस्ट में फैलते कैंसर की तरह है, जिसने दशकों से लोगों की जिंदगी को मुश्किल बना दिया है। मंदाना ने बताया कि ईरान के लोग पिछले कई सालों से लगातार विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। उनके मुताबिक आम नागरिक अक्सर बिना हथियार के सड़कों पर उतरकर अपने अधिकारों के लिए आवाज उठाते रहे हैं, लेकिन इसके बदले उन्हें हिंसा और दमन का सामना करना पड़ा।
उन्होंने कहा कि इस लंबे संघर्ष में ईरान के लोगों ने बहुत कुछ खोया है। कई परिवारों ने अपने बच्चों, माताओं और दोस्तों को खो दिया। यहां तक कि शिक्षा संस्थानों और सामाजिक संस्थाओं को भी भारी नुकसान हुआ है।
“मौत का जश्न मनाना आसान नहीं, लेकिन हालात ऐसे हो गए”
मंदाना करीमी ने कहा कि किसी की मौत पर जश्न मनाना सामान्य बात नहीं है, लेकिन ईरान में जो कुछ हुआ है, उसने लोगों को इस कदर दुख और गुस्से से भर दिया कि कई लोग इसे राहत के तौर पर देख रहे हैं।
उन्होंने कहा कि हाल के महीनों में सामने आए कई वीडियो इस बात की गवाही देते हैं कि वहां हालात कितने गंभीर हैं। मंदाना ने 8 और 9 जनवरी की घटनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि उन दिनों करीब 1,000 लोगों की सामूहिक हत्या हुई थी, जिसने लोगों के गुस्से को और भड़का दिया।
उनके मुताबिक जब उनके परिवार और दोस्त उनसे फोन पर बात करते हैं, तो वे बताते हैं कि हालात कितने दर्दनाक रहे हैं। इसी वजह से कुछ लोग इसे दशकों के संघर्ष के बाद मिली राहत मान रहे हैं।
“48 साल से चल रही है लड़ाई”
मंदाना ने कहा कि ईरान के लोग पिछले 48 सालों से अपने अधिकारों के लिए लड़ रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि इस दौरान कई बार दुनिया से मदद की अपील की गई, लेकिन लोगों की आवाज उतनी मजबूती से नहीं सुनी गई जितनी जरूरत थी।
उनका कहना है कि ईरान की मौजूदा व्यवस्था सिर्फ अपने देश के भीतर ही नहीं, बल्कि पूरे मिडल ईस्ट क्षेत्र में तनाव फैलाने का कारण बनी है। मंदाना ने यह भी कहा कि कई हमलों में आम जगहों जैसे रेस्टोरेंट या सार्वजनिक स्थान को निशाना बनाया गया, जिससे आम नागरिकों की जान खतरे में पड़ती रही।
भारत में ईरान के समर्थन में हो रहे प्रदर्शनों से दुखी
इस पूरे घटनाक्रम के बीच भारत में भी कई जगहों पर विरोध-प्रदर्शन देखने को मिले हैं। कोच्चि, जम्मू-कश्मीर और उत्तर प्रदेश समेत कई इलाकों में शिया समुदाय के लोगों ने सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन किया। लखनऊ में तो खामेनेई की मौत के बाद तीन दिन का शोक भी घोषित किया गया। हालांकि भारत में ईरान के शासन के समर्थन में हो रहे इन प्रदर्शनों को देखकर मंदाना करीमी काफी दुखी हो गईं। उन्होंने कहा कि यह देखकर उनका दिल टूट गया है।
मंदाना ने बताया कि कुछ समय पहले वह ईरान के लोगों के समर्थन में एक कैंडललाइट प्रोटेस्ट करना चाहती थीं, लेकिन उन्हें इसकी अनुमति नहीं मिली।
सोशल मीडिया पर भी जताई भावनाएं
मंदाना करीमी ने सोशल मीडिया पर भी इस मुद्दे को लेकर अपनी भावनाएं साझा की थीं। उन्होंने इंस्टाग्राम पर रोते हुए एक वीडियो पोस्ट किया था, जिसमें उन्होंने ईरान के लोगों के लिए चिंता और उम्मीद दोनों जाहिर कीं। उन्होंने लिखा कि देश दर्द से गुजर रहा है, लेकिन शायद आने वाला नया साल नौरोज ईरान के लिए कुछ अलग और बेहतर लेकर आए।

इसी दौरान उन्होंने खामेनेई की मौत की खबर सुनाते हुए रो रहे ईरानी न्यूज एंकर्स का एक वीडियो भी शेयर किया था, जिस पर उन्होंने हंसने वाले इमोजी लगाए थे। इससे भी साफ हुआ कि वह इस बदलाव को एक बड़े मोड़ के रूप में देख रही हैं।
तेहरान से मुंबई तक का सफर
मंदाना करीमी का जन्म ईरान की राजधानी तेहरान में हुआ था। बचपन से ही उन्हें अभिनय और ग्लैमर की दुनिया में दिलचस्पी थी। अपने इसी सपने को पूरा करने के लिए वह कई साल पहले भारत आ गईं। शुरुआत में उन्होंने एयर होस्टेस के तौर पर काम किया, लेकिन बाद में मॉडलिंग और एक्टिंग की ओर रुख कर लिया। साल 2010 में वह मुंबई आईं और धीरे-धीरे यहां के मनोरंजन जगत में अपनी पहचान बना ली।
मंदाना ने कई फिल्मों में काम किया है, जिनमें Roy, Kyaa Kool Hain Hum 3, Bhaag Johnny और Main Aur Charles शामिल हैं। इसके अलावा वह टीवी शो Bigg Boss और Lock Upp जैसे रियलिटी शोज में भी नजर आ चुकी हैं।
आज भले ही मंदाना भारत में बस चुकी हैं, लेकिन उनका दिल अब भी अपने देश और वहां के लोगों के लिए धड़कता है। खामेनेई की मौत के बाद पैदा हुए हालात को लेकर वह उम्मीद भी जता रही हैं और अपने लोगों की सुरक्षा को लेकर चिंतित भी हैं।
