OnePlus Exit Rumours: स्मार्टफोन की दुनिया का ‘किलर’ ब्रांड प्रीमियम फीचर्स के दम पर ऐपल को टक्कर देने वाला और ‘दूसरा ऐपल’ माना जाने वाला दिग्गज ब्रांड ‘वनप्लस (OnePlus) अब इतिहास बनने जा रहा है। क्या आप भी वनप्लस के फैन हैं? आपके लिए एक बुरी खबर है। कंपनी ने ग्लोबल मार्केट से पूरी तरह विदाई का प्लान बना लिया है।
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वैश्विक बाजारों से विदाई ले रहा है OnePlus
ब्लूमबर्ग (Bloomberg) की एक चौंकाने वाली रिपोर्ट के अनुसार, प्रसिद्ध स्मार्टफोन ब्रांड OnePlus वैश्विक बाजारों से अपनी विदाई की तैयारी कर रहा है। पैरेंट कंपनी OPPO के बड़े कॉर्पोरेट रीस्ट्रक्चरिंग (पुनर्गठन) के तहत वनप्लस को चरणबद्ध तरीके (phased manner) से बंद करने का प्लान है। हालांकि, भारतीय फैंस के लिए एक ट्विस्ट भी है।
ब्लूमबर्ग की इस रिपोर्ट के सामने आने के बाद OnePlus India कंपनी के प्रवक्ता ने तुरंत सफाई देते हुए कहा है कि भारत में उनका कामकाज हमेशा की तरह सामान्य रूप से चलता रहेगा और लोग इन अफवाहों पर ध्यान न दें।
भारतीय बाजार के लिए राहत!
लेकिन ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट का दावा है कि अमेरिका और यूरोप (US & Europe) में वनप्लस का कामकाज इसी हफ्ते से बंद होना शुरू हो सकता है। कई यूरोपीय देशों में वनप्लस की आधिकारिक वेबसाइट ने अब ग्राहकों को OPPO के फोन खरीदने के लिए रीडायरेक्ट करना भी शुरू कर दिया है।
वहीं भारतीय बाजार के लिए राहत की बात यह है कि विदाई तुरंत नहीं होगी। भारत से वनप्लस का पूरी तरह से एग्जिट साल 2027 तक प्लान किया गया है। इसके बाद सिर्फ चीन ही एकमात्र ऐसा बाजार बचेगा जहाँ OnePlus ब्रांड सामान्य रूप से काम करता रहेगा।
करीब 10-11 साल पहले कम कीमत में फ्लैगशिप फीचर्स देकर ‘किलर’ ब्रांड बने वनप्लस को लोग ‘दूसरा ऐपल’ मानने लगे थे। लेकिन ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, इस समय ओप्पो के स्मार्टफोन बिजनेस पर वैश्विक स्तर पर काफी वित्तीय दबाव है और पिछले कुछ सालों में वनप्लस की शिपमेंट में भारी गिरावट आई है।
अमेरिका, यूरोप और भारतीय प्रीमियम मार्केट में कंपनी को सैमसंग और ऐपल से कड़ी टक्कर मिल रही है। इसके अलावा, अमेरिका में चीनी ब्रांड्स को लेकर बढ़ती सख्ती और ट्रेड सीक्रेट्स को लेकर ऐपल के साथ चल रहे मुकदमों ने भी मुश्किलें बढ़ाई हैं। इसके अलावा, हाल के वर्षों में फोन की स्क्रीन पर ‘ग्रीन लाइन’ की समस्या और कुछ मॉडल्स में ब्लास्ट की खबरों ने भी ब्रांड की साख को काफी नुकसान पहुँचाया है।
मौजूदा ग्राहकों पर क्या होगा असर?
ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, यदि कंपनी चरणबद्ध तरीके से विदाई लेती भी है, तो मौजूदा ग्राहकों को घबराने की जरूरत नहीं है। रिपोर्ट में स्पष्ट किया गया है कि पहले से बिक चुके डिवाइसेज को उनके लाइफसाइकिल के अंत तक रेगुलर एंड्रॉइड और सिक्योरिटी अपडेट्स मिलते रहेंगे।





























