Varanasi demolition news: दालमंडी की सड़क चौड़ीकरण योजना के तहत मंगलवार को ध्वस्तीकरण अभियान जारी रहा। बुलडोजरों की मदद से 14 नए भवन ध्वस्त किए गए। इस अभियान में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे ताकि किसी प्रकार की अप्रिय घटना न हो। सोमवार को 21 भवन ध्वस्त किए गए थे, जिनका मलबा हटाने का काम मंगलवार को भी जारी रहा।
सुरक्षा और निगरानी के इंतजाम (Varanasi demolition news)
ध्वस्तीकरण के दौरान पुलिस और पीएसी कर्मियों ने सघन सुरक्षा व्यवस्था बनाई। गलियों में बैरिकेडिंग कर लोगों की आवाजाही को रोका गया। ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की गई। वहीं ट्रैफिक को वैकल्पिक मार्गों से संचालित किया गया। प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर मौजूद रहे, ताकि अभियान सुचारू और सुरक्षित ढंग से चल सके।
विरोध और वायरल वीडियो
ध्वस्तीकरण का विरोध भी हुआ। कुछ महिलाओं ने अभियान का विरोध करते हुए हंगामा किया। सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें दो महिलाएं पुलिस कर्मियों को खरी-खोटी सुनाती दिखीं। यह वीडियो तेजी से साझा किया गया और लोगों के बीच प्रतिक्रिया पैदा हुई।
आगजनी और हंगामा करने वालों पर FIR
गत सोमवार को हुई आगजनी और हंगामा करने के मामले में पुलिस ने दो नामजद और छह अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। इसमें पेट्रोल छिड़ककर आग लगाने वाले अजमत का नाम शामिल है। इसके अलावा हंगामा करने के आरोप में सोमवार को गिरफ्तार फारुख से मंगलवार को पूछताछ की गई। दालमंडी चौकी प्रभारी प्रकाश सिंह चौहान की तहरीर पर अजमत, फारुख खान और अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ चौक थाने में FIR दर्ज की गई।
ध्वस्तीकरण और मुआवजा योजना
दालमंडी सड़क चौड़ीकरण योजना के तहत अब तक 50 से अधिक मकान ध्वस्त किए जा चुके हैं। इनमें से 21 मकानों को जर्जर घोषित किया गया था। कुल 101 हिस्सेदारों में अब तक 24 करोड़ रुपये का मुआवजा बांटा जा चुका है।
योजना के अंतर्गत कुल 181 मकानों को ध्वस्त किया जाना है और कुल 191 करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जाएगा। अब तक 50 से अधिक लोगों ने मुआवजे की रजिस्ट्री करवाई है।
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