Khamenei succession news: इजरायल और अमेरिका के हमले में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद देश की सियासत एक नए मोड़ पर खड़ी है। 40 दिन के राष्ट्रीय शोक के बीच अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर अगला सुप्रीम लीडर कौन होगा? कई मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि कमान उनके बेटे मोजतबा खामेनेई को सौंपी जा सकती है।
खामेनेई की मौत के साथ ही ईरान के पावर सर्किल में हलचल तेज हो गई है। कैबिनेट ने राष्ट्रीय शोक का ऐलान कर दिया है। हमले में उनकी बेटी, दामाद और पोती की भी मौत की खबर है, जिससे माहौल और ज्यादा भावुक हो गया है। इसी बीच मोजतबा का नाम अचानक सुर्खियों में आ गया है।
कौन हैं मोजतबा खामेनेई?
56 वर्षीय मोजतबा खामेनेई अपने पिता की तरह शिया धर्मगुरु हैं। पिछले कुछ दशकों में उन्होंने ईरानी राजनीति में चुपचाप लेकिन मजबूत पकड़ बनाई है। दिलचस्प बात यह है कि उन्होंने कभी सरकार या ‘संरक्षक परिषद’ (गार्डियन काउंसिल) में कोई औपचारिक पद नहीं संभाला। इसके बावजूद सत्ता के गलियारों में उनका प्रभाव कम नहीं माना जाता।
राजनीतिक जानकारों का कहना है कि वे लंबे समय से पर्दे के पीछे रहकर रणनीतिक भूमिका निभाते रहे हैं। यही वजह है कि सुप्रीम लीडर की दौड़ में उन्हें सबसे आगे माना जा रहा है।
रिवोल्यूशनरी गार्ड से मजबूत रिश्ते | Khamenei succession news
मोजतबा ने बीते कुछ सालों में Islamic Revolutionary Guard Corps (आईआरजीसी) के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ करीबी संबंध बनाए हैं। ईरान में आईआरजीसी सिर्फ सैन्य ताकत नहीं, बल्कि राजनीतिक और आर्थिक रूप से भी बेहद प्रभावशाली मानी जाती है।
विश्लेषकों के मुताबिक, धार्मिक प्रतिष्ठा और सैन्य समर्थन का यह मेल उन्हें मजबूत दावेदार बनाता है। वे धार्मिक और राजनीतिक वर्गों के बीच एक अहम कड़ी के तौर पर देखे जाते हैं। हालांकि, पिता के रहते उन्होंने कभी खुलकर सामने आने की कोशिश नहीं की, इसलिए उनकी निजी जिंदगी को लेकर ज्यादा जानकारी सार्वजनिक नहीं है।
लग्जरी लाइफ और अरबों की संपत्ति
जहां एक ओर वे धार्मिक नेता की छवि रखते हैं, वहीं दूसरी ओर उनकी लाइफस्टाइल को लेकर भी चर्चा होती रही है। एक हालिया रिपोर्ट में दावा किया गया है कि मोजतबा यूरोप और मध्य पूर्व में फैले बड़े रियल एस्टेट नेटवर्क से जुड़े हैं।
बताया जाता है कि उत्तरी लंदन के बिशप्स एवेन्यू जिसे ‘अरबपतियों की कतार’ कहा जाता है… में उनकी आलीशान संपत्तियां हैं। इसके अलावा दुबई में एक पॉश विला और फ्रैंकफर्ट व मेजरका में हाई-एंड होटल भी उनके पोर्टफोलियो का हिस्सा बताए जाते हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, सिर्फ लंदन में उनकी संपत्तियों की कीमत 138 मिलियन डॉलर से ज्यादा आंकी गई है। हालांकि इन दावों पर आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
आगे क्या?
खामेनेई के 36 साल लंबे शासन के बाद ईरान एक निर्णायक मोड़ पर है। देश शोक में डूबा है, लेकिन सत्ता का सवाल टाला नहीं जा सकता। अगर मोजतबा खामेनेई को सुप्रीम लीडर बनाया जाता है, तो यह ईरान की राजनीति में एक बड़ा और ऐतिहासिक बदलाव होगा क्योंकि अब तक यह पद परिवार के भीतर सीधे तौर पर नहीं गया है।
