US-India Trade Deal: भारत-अमेरिका ट्रैड डील पर लगी मुहर, 8 जुलाई को हो सकता है बड़ा ऐलान!

vickynedrick@gmail.com | Nedrick News Published: 30 Jun 2025, 12:00 AM | Updated: 30 Jun 2025, 12:00 AM

US-India Trade Deal: भारत और अमेरिका के बीच एक महत्वपूर्ण व्यापार समझौते का ऐलान आठ जुलाई को किया जा सकता है। इस समझौते के बारे में सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार, दोनों देशों के बीच शर्तों पर सहमति बन चुकी है और इसे अंतिम रूप देने के लिए तैयारियां पूरी की जा रही हैं। यह समझौता ऐसे समय पर हो रहा है जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा दुनियाभर के देशों पर लगाए गए रेसिप्रोकल टैरिफ (प्रतिसंवादी शुल्क) की समयावधि 9 जुलाई को समाप्त हो रही है।

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व्यापार समझौते की पृष्ठभूमि- US-India Trade Deal

यह समझौता भारत और अमेरिका के व्यापारिक रिश्तों में एक नया अध्याय जोड़ सकता है। अमेरिका ने जुलाई 2025 में चीन के साथ एक महत्वपूर्ण व्यापार समझौता किया था, और इसके बाद ट्रंप ने यह संकेत दिया था कि भारत के साथ भी एक बड़ी डील करने की योजना है। उन्होंने कहा था कि “हमने हाल ही में चीन के साथ एक समझौता किया है और अब हम भारत के साथ भी एक बड़ी डील करने जा रहे हैं।”

यह समझौता भारत और अमेरिका के व्यापारिक संबंधों में सामंजस्य और विकास के लिए एक महत्वपूर्ण कदम हो सकता है। व्यापार और आपूर्ति श्रृंखला के मामले में दोनों देशों के बीच सहयोग को मजबूती मिल सकती है, जिससे वैश्विक व्यापार में दोनों देशों का प्रभाव बढ़ सकता है।

प्रमुख वार्ताकार राजेश अग्रवाल

भारत की ओर से इस महत्वपूर्ण व्यापार समझौते के मुख्य वार्ताकार वाणिज्य विभाग के विशेष सचिव राजेश अग्रवाल थे। उन्होंने वॉशिंगटन में अमेरिकी अधिकारियों के साथ कई दौर की वार्ता की, जिनमें दोनों देशों के बीच व्यापारिक मुद्दों पर गहरी चर्चा की गई। राजेश अग्रवाल की अगुवाई में इस समझौते की शर्तों पर सहमति बनी, और अब यह समझौता अंतिम चरण में है।

अमेरिका द्वारा टैरिफ में स्थगन

अमेरिका द्वारा 2 जुलाई 2025 को दुनियाभर के कई देशों पर रेसिप्रोकल टैरिफ लगाए गए थे। इन टैरिफ की वजह से वैश्विक व्यापार में तनाव उत्पन्न हुआ था। भारत के साथ इस टैरिफ को लेकर भी विवाद उठे थे। हालांकि, इन टैरिफ के बाद अमेरिकी सरकार ने भारत पर लगाए गए 26 प्रतिशत रेसिप्रोकल टैरिफ को 9 जुलाई तक स्थगित कर दिया था। लेकिन 10 प्रतिशत का बेसलाइन टैरिफ भारत पर लागू रहेगा, जिससे भारत को व्यापारिक राहत मिल सकती है। भारत इस अतिरिक्त 26 प्रतिशत टैरिफ से छूट प्राप्त करने के लिए प्रयासरत है।

ट्रंप का भारत के साथ बड़ी डील पर इशारा

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस समझौते का इशारा करते हुए कहा था कि भारत के साथ एक बहुत बड़ी डील की घोषणा जल्द की जाएगी। उन्होंने चीन के साथ किए गए समझौते की सफलता के बाद भारतीय अधिकारियों के साथ एक बड़े व्यापारिक समझौते की बात की। ट्रंप का यह बयान अमेरिकी वैश्विक व्यापार संबंधों और आपूर्ति श्रृंखला स्थिरता को मजबूत करने के प्रयासों का हिस्सा है।

समझौते के संभावित फायदे

भारत और अमेरिका के बीच इस समझौते से दोनों देशों के व्यापारिक रिश्तों को एक नई दिशा मिल सकती है। यह व्यापार समझौता विशेष रूप से व्यापारिक संतुलन, निवेश, और अन्य व्यापारिक क्षेत्रों में सहयोग को बढ़ावा दे सकता है। अमेरिका और भारत के बीच सहयोग से न केवल दोनों देशों के व्यापारिक लाभ में वृद्धि हो सकती है, बल्कि वैश्विक स्तर पर भी एक सकारात्मक संदेश जाएगा।

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