Faiz-e-Elahi Masjid Demolition Drive: दिल्ली में मंगलवार रात से बुधवार तड़के फैज-ए-इलाही मस्जिद के पास अवैध अतिक्रमण हटाने के लिए चलाया गया बुलडोजर अभियान राजधानी में सुर्खियों में है। मिडनाइट ऑपरेशन के तहत 32 बुलडोजरों और भारी पुलिस सुरक्षा के बीच तुर्कमान गेट इलाके में फैज-ए-इलाही मस्जिद के पास बनी अवैध संरचनाओं को ध्वस्त किया गया। इस कार्रवाई के दौरान स्थानीय लोगों और प्रशासन के बीच तनावपूर्ण हालात बने, जिसमें पुलिस पर कथित पथराव भी हुआ।
कार्रवाई की शुरुआत और हाईकोर्ट का आदेश (Faiz-e-Elahi Masjid Demolition Drive)
एमसीडी यानी दिल्ली नगर निगम ने फैज-ए-इलाही मस्जिद के परिसर और उसके आसपास के कब्रिस्तान में कब्जे वाली सरकारी जमीन पर मंगलवार रात से ही अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू की। यह कदम दिल्ली उच्च न्यायालय के आदेश के बाद उठाया गया। अधिकारी इस बात पर जोर दे रहे थे कि कार्रवाई पूरी तरह से कानूनी प्रक्रिया के तहत की जा रही है।
एमसीडी और पुलिस की टीम जब मस्जिद और आसपास के अवैध निर्माण को हटाने के लिए पहुंची, तो स्थानीय लोगों ने इसका विरोध किया। विरोध के दौरान कथित तौर पर पथराव हुआ, जिससे स्थिति तनावपूर्ण हो गई। पुलिस ने जवाब में आंसू गैस के गोले छोड़े और बल का संयमित उपयोग कर नियंत्रण स्थापित किया।
सुरक्षा इंतजाम और प्रशासनिक तैयारी
अधिकारियों के अनुसार, बुलडोजर अभियान से पहले व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए गए थे। पुलिस ने पूरे इलाके को नौ जोनों में बांटकर प्रत्येक जोन में अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर रैंक के अधिकारी तैनात किए। शांति बनाए रखने के लिए स्थानीय शांति समितियों और हितधारकों के साथ कई समन्वय बैठकें की गईं। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने यह सुनिश्चित किया कि कोई अप्रिय घटना न घटे और अदालत के आदेशों के मुताबिक कार्रवाई हो।
संयुक्त पुलिस आयुक्त मधुर वर्मा ने बताया कि “अतिक्रमण हटाने के दौरान कुछ शरारती तत्वों ने पथराव करके गड़बड़ी पैदा करने की कोशिश की। स्थिति को तुरंत नियंत्रण में लाया गया, जिसमें बल का सीमित और न्यूनतम प्रयोग किया गया। इसके बावजूद, इलाके को पूरी तरह से छावनी में तब्दील कर दिया गया है।”
झड़पों में घायल और गिरफ्तार
इस कार्रवाई के दौरान कम से कम पांच पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। दिल्ली पुलिस ने पांच आरोपियों को हिरासत में लिया है और उनसे पूछताछ जारी है। तुर्कमान गेट इलाके में आज भी किसी को गलियों से निकलने की अनुमति नहीं है। पुलिस ने कहा कि स्थिति नियंत्रण में है और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं।
बुलडोजर से ध्वस्त की गई संरचनाएँ
एमसीडी ने बताया कि मस्जिद परिसर और उसके आसपास कई अवैध बारात घर, डायग्नोस्टिक सेंटर और दुकानों को ध्वस्त किया गया। डिप्टी कमिश्नर विवेक अग्रवाल ने कहा कि लगभग 85 प्रतिशत अवैध निर्माण हटाया जा चुका है। अभी एक छोटा सा स्ट्रक्चर बचा है, जिसे जल्द ही हटाया जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि मलबे के कारण मशीनें अभी उस जगह तक नहीं पहुंच पा रही हैं।
मस्जिद कमेटी का पक्ष
फैज-ए-इलाही मस्जिद कमेटी का कहना है कि मस्जिद परिसर और आसपास का ढांचा लगभग 100 साल पुराना है और इसे ऐतिहासिक महत्व का बताया जा रहा है। कमेटी ने कहा कि प्रशासन की कार्रवाई से उनके धार्मिक और सांस्कृतिक हितों को नुकसान पहुंच सकता है। वहीं, प्रशासन का कहना है कि यह कार्रवाई केवल सरकारी जमीन पर हुए अवैध अतिक्रमण को हटाने के लिए की जा रही है।
इलाके में तनाव और सुरक्षा स्थिति
आज पूरे तुर्कमान गेट इलाके को छावनी में बदल दिया गया है। सुबह-सुबह भीड़ नहीं देखी गई और सड़कों पर ईंट-पत्थर बिखरे हुए हैं। पुलिस ने इलाके में सुरक्षा बढ़ाई है और लोगों को गलियों में जाने की अनुमति नहीं दी जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि यह कदम कानून-व्यवस्था बनाए रखने और न्यायालय के आदेशों को लागू करने के लिए जरूरी था।






























