Old Car Selling Tips: RC ट्रांसफर में लापरवाही पड़ सकती है भारी, पुरानी गाड़ी बेचते समय रखें इन बातों का ख्याल

Shikha Mishra | Nedrick News
Ghaziabad
Published: 11 Feb 2026, 08:23 AM | Updated: 11 Feb 2026, 08:23 AM

Old Car Selling Tips: रिटायर गाड़ियाँ बेचते समय अगर दस्तावेज़ों की सही प्रक्रिया का ध्यान नहीं रखा गया, तो आपको भविष्य में गंभीर कानूनी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। मोटर व्हीकल एक्ट 1988 के अनुसार, वाहन का मालिकाना हक तुरंत नए खरीदार के नाम पर ट्रांसफर कराना अनिवार्य है। इसके बिना सरकारी रिकॉर्ड में आप ही वाहन के मालिक बने रहेंगे। इससे दुर्घटना, चालान या अपराध की स्थिति में पुराना मालिक जिम्मेदार माने जाते हैं।

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RC ट्रांसफर करना अनिवार्य- Old Car Selling Tips

पुरानी गाड़ी बेचते समय सबसे पहला और अहम कदम है रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (RC) का ट्रांसफर। विक्रेता को गाड़ी का मूल RC नए मालिक को सौंपना होता है। इसके साथ ही फॉर्म 29 और फॉर्म 30 आरटीओ में जमा करना जरूरी है। फॉर्म 29 में बिक्री की सूचना दी जाती है और फॉर्म 30 मालिकाना हक के हस्तांतरण के लिए आवेदन होता है।

यदि यह ट्रांसफर नहीं किया गया और गाड़ी से कोई दुर्घटना, अपराध या भारी चालान जुड़ता है, तो कानूनी रूप से आप ही जिम्मेदार ठहराए जा सकते हैं। इसलिए RC ट्रांसफर करना सिर्फ फॉर्मैलिटी नहीं, बल्कि भविष्य की सुरक्षा का जरिया है।

सेल अग्रीमेंट: सुरक्षा की पहली डोर

गाड़ी बेचते समय सेल अग्रीमेंट या हलफनामा तैयार करना बेहद जरूरी है। इस दस्तावेज़ में बिक्री की तारीख, समय, कीमत और यह स्पष्ट रूप से लिखा होना चाहिए कि इसके बाद वाहन से जुड़ी सभी जिम्मेदारियां नए मालिक की हैं।

विक्रेता को इसकी अटेस्टेड कॉपी अपने पास रखना चाहिए। भविष्य में अगर कोई विवाद या कानूनी कार्रवाई होती है, तो यही दस्तावेज़ सबसे बड़ा सबूत साबित होगा।

नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (NOC)

अगर गाड़ी किसी दूसरे राज्य या आरटीओ क्षेत्र के खरीदार को बेची जा रही है, तो फॉर्म 28 (NOC) लेना आवश्यक है। यह प्रमाणित करता है कि वाहन पर कोई बकाया लोन, टैक्स या अन्य आपत्ति नहीं है। NOC के बिना गाड़ी का रजिस्ट्रेशन नए राज्य में नहीं किया जा सकता।

अन्य महत्वपूर्ण सुझाव

  1. गाड़ी बेचते समय खरीददार की पहचान और संपर्क जानकारी रिकॉर्ड करें।
  2. ऑनलाइन RC ट्रांसफर की सुविधा का उपयोग करें ताकि प्रक्रिया तेज और सुरक्षित हो।
  3. गाड़ी बेचने के बाद आरटीओ में सेल की कॉपी या फॉर्म 29-30 की रसीद संभाल कर रखें।
  4. अगर गाड़ी पर कोई कर्ज या इंश्योरेंस शेष है, तो उसे क्लियर करना भी आवश्यक है।

पुरानी गाड़ी बेचना सिर्फ पैसा कमाने का जरिया नहीं है, बल्कि सही दस्तावेज़ और प्रक्रिया अपनाकर आप भविष्य में कानूनी समस्याओं से बच सकते हैं। RC ट्रांसफर, सेल अग्रीमेंट और NOC जैसे दस्तावेज़ समय पर पूरे करने से न केवल आपका अधिकार सुरक्षित रहता है, बल्कि किसी भी दुर्घटना या विवाद की स्थिति में आप सुरक्षित रहते हैं।

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Shikha Mishra

shikha@nedricknews.com

शिखा मिश्रा, जिन्होंने अपने करियर की शुरुआत फोटोग्राफी से की थी, अभी नेड्रिक न्यूज़ में कंटेंट राइटर और रिसर्चर हैं, जहाँ वह ब्रेकिंग न्यूज़ और वेब स्टोरीज़ कवर करती हैं। राजनीति, क्राइम और एंटरटेनमेंट की अच्छी समझ रखने वाली शिखा ने दिल्ली यूनिवर्सिटी से जर्नलिज़्म और पब्लिक रिलेशन्स की पढ़ाई की है, लेकिन डिजिटल मीडिया के प्रति अपने जुनून के कारण वह पिछले तीन सालों से पत्रकारिता में एक्टिव रूप से जुड़ी हुई हैं।

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