UP Assembly Session: उत्तर प्रदेश विधानसभा सत्र में मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने विपक्षी दलों पर जमकर निशाना साधते हुए राज्य की उपलब्धियों को गिनाया। उन्होंने कहा कि पहले यूपी पर समाजवादी पार्टी के शासन के दौरान शक की निगाहें थीं और प्रदेश की छवि खराब हुई थी। अब उनकी सरकार ने प्रदेश की तस्वीर बदल दी है।
और पढ़ें: Naseemuddin Siddiqui जल्द ही समाजवादी पार्टी में होंगे शामिल, यूपी की सियासी हलचल तेज
यूपी की बदली हुई छवि | UP Assembly Session
सीएम योगी ने कहा, “पहले लोग यूपी को शक की निगाह से देखते थे। समाजवादी पार्टी की वजह से प्रदेश की छवि खराब हुई थी। चेहरे पर धूल थी और हमने इसे साफ किया। अब बिना भेदभाव के हर वर्ग को योजनाओं का लाभ मिल रहा है। यूपी अब बीमारू नहीं, बल्कि तेज विकास वाला राज्य बन गया है। हमारी सरकार जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है।”
उन्होंने आगे कहा कि अयोध्या और प्रयागराज में करोड़ों लोग आ रहे हैं। अब यूपी उपद्रव का नहीं, उत्सव का प्रदेश है। गुंडा टैक्स और वसूली समाप्त हो गई है। अब न कर्फ्यू है, न दंगे, सब चंगा है।
विपक्षी दलों पर तीखा प्रहार
योगी ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा, “इनके आचरण की वजह से बेटियां घबराती थीं और व्यापारी अपने कारोबार समेट लेते थे। अभिभाषण के दौरान इस आचरण की झलक साफ देखने को मिली। पिछले 9 सालों में बहुत कम समय ऐसा था जब सदन की कार्रवाई बाधित नहीं हुई।” उन्होंने विपक्ष की आलोचना करते हुए कहा कि उनका आचरण मातृशक्ति के खिलाफ है और उन्होंने सनातन धर्म में मां की इज्जत का अपमान किया।
ट्रिपल टी की अवधारणा
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश अब ट्रिपल टी (टेक्नोलॉजी, ट्रस्ट और ट्रांसफॉर्मेशन) का प्रतीक है। उन्होंने बताया, “हमारी साफ नीयत और दृढ़ इच्छाशक्ति ने राज्य में सुशासन स्थापित किया। सामूहिक प्रयास और विश्वास ने यूपी को बीमारू राज्यों की लिस्ट से बाहर निकाल दिया।”
अपराध और कानून व्यवस्था में सुधार
योगी आदित्यनाथ ने बताया कि 2017 से पहले राज्य में अपराधी समानांतर सरकार चला रहे थे। माफिया खुलेआम घूमते थे, बेटियां सुरक्षित नहीं थीं। आज प्रदेश में कानून का राज है, दंगे नहीं बल्कि टेंपल इकानॉमी आगे बढ़ रही है। उन्होंने कुंभ मेले का उदाहरण देते हुए कहा कि 2013 में 12 करोड़ लोग आए थे, जबकि इस बार 21 करोड़ लोग स्नान करने आए।
सीएम ने कहा कि 2017 के बाद से यूपी में कोई सांप्रदायिक दंगा नहीं हुआ। पुलिस की संख्या और ट्रेनिंग क्षमता कई गुना बढ़ाई गई है। पहले 10 हजार महिला पुलिस कर्मी थे, अब 44 हजार हैं। हर जिले में साइबर थाना है। 3 नए कानून लागू किए गए हैं और फॉरेसिंक वैन की व्यवस्था भी हर जनपद में की गई है।
महिला सशक्तिकरण और आधुनिक पुलिसिंग
सीएम ने जोर देकर कहा कि महिला सशक्तिकरण, आपातकालीन सेवाएं और अपराध के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति लागू की गई है। “भय का माहौल नहीं है, आस्था का माहौल है। लोग टेंशन फ्री होकर चलते हैं।” उन्होंने पुलिसिंग के मॉडर्नाइजेशन और मॉडल पुलिसिंग को भी रेखांकित किया।



























