Indian boy arrested in Pakistan: प्यार में लोग कई तरह की हरकतें करते हैं, लेकिन उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ के बादल बाबू के लिए प्यार करना बहुत बड़ी भूल साबित हुई। सोशल मीडिया पर एक पाकिस्तानी लड़की से हुई दोस्ती प्यार में बदल गई और इसी प्यार में पागल बादल बिना वीजा के पाकिस्तान की सीमा पार कर गया। वहां पहुंचकर उसे पाकिस्तान की पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
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फेसबुक से शुरू हुई कहानी- Indian boy arrested in Pakistan
अलीगढ़ के बरला थाना क्षेत्र के नगला खटकरी गांव का रहने वाला बादल बाबू दिल्ली में एक फैक्ट्री में काम करता था। फेसबुक पर उसकी मुलाकात पाकिस्तान की एक लड़की से हुई और धीरे-धीरे दोनों के बीच प्यार परवान चढ़ने लगा। प्यार के इसी जुनून में बादल वीजा या किसी दस्तावेज की परवाह किए बिना सीमा पार कर पाकिस्तान पहुंच गया।
पाकिस्तान में गिरफ्तारी
बादल बाबू को पाकिस्तान के मंडी बहाउद्दीन शहर से गिरफ्तार किया गया। पाकिस्तान की पुलिस ने उनके खिलाफ विदेशी अधिनियम 1946 की धारा 13 और 14 के तहत मामला दर्ज किया। बादल को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।

परिवार में छाया मातम
बादल की गिरफ्तारी की खबर से उनके परिवार में मातम पसर गया है। उनकी मां का रो-रोकर बुरा हाल है। मां ने बताया कि बादल ने उन्हें बताया था कि वह दुबई में है, लेकिन यह नहीं बताया कि वह पाकिस्तान कैसे पहुंचा। पिता कृपाल सिंह ने कहा कि लॉकडाउन के दौरान उनका बेटा दिल्ली में काम कर रहा था। वहीं, उसकी मुलाकात एक मुस्लिम दोस्त से हुई, जो उसे पाकिस्तान ले गया।
वीडियो कॉल से हुई जानकारी
बादल के परिवार को उनकी पाकिस्तान में गिरफ्तारी की जानकारी 29 और 30 दिसंबर को हुई, जब उन्होंने पाकिस्तानी नंबर से वीडियो कॉल की। इस कॉल में बादल ने अपने परिजनों से बात की, लेकिन पाकिस्तान जाने के पीछे की वजह नहीं बताई।

भारत सरकार से गुहार
बादल की मां ने भारत सरकार से गुहार लगाई है कि उनके बेटे को सही-सलामत वापस लाया जाए। परिवार सरकार से मामले में दखल देने और पाकिस्तान से बातचीत के जरिए उनके बेटे की रिहाई सुनिश्चित करने की अपील कर रहा है।
अधिकारियों का बयान
इस मामले में योगेंद्र मलिक, सीओ एलआईयू, ने बताया कि सोशल मीडिया के जरिए बादल बाबू की गिरफ्तारी की खबर मिली है। हालांकि, अभी तक इस मामले में पाकिस्तान या भारतीय दूतावास से कोई आधिकारिक जानकारी नहीं आई है। उन्होंने कहा कि परिजनों से बातचीत कर मामले की पूरी जानकारी जुटाई जा रही है।
प्यार बना मुसीबत
बादल बाबू का यह कदम उनके परिवार और खुद के लिए बड़ा संकट बन गया है। प्यार में उठाया गया यह जोखिम उन्हें सलाखों के पीछे ले गया। अब सभी की नजरें भारत सरकार और पाकिस्तान के अधिकारियों के बीच बातचीत पर टिकी हैं, ताकि इस मामले का हल निकाला जा सके।
प्यार के इस जोखिमभरे सफर का अंजाम क्या होगा, यह कहना मुश्किल है। लेकिन परिवार और स्थानीय प्रशासन दोनों की कोशिश है कि बादल बाबू को जल्द से जल्द भारत वापस लाया जाए। भारत सरकार की भूमिका इस मामले में अहम साबित हो सकती है।





























